कोपागंज-कसारा मार्ग के चौड़ीकरण और सुदृढ़ीकरण के लिए शासन ने 9.49 करोड़ रुपये स्वीकृत कर दिए हैं। 46.47 लाख रुपये पहले ही जारी किए जा चुके हैं। 27 सितंबर 2025 को इसी सड़क की विशेष मरम्मत के लिए 1.54 करोड़ रुपये मिले थे, लेकिन काम शुरू नहीं हुआ था।
नए बजट मिलने के बाद यह राशि राज्य सड़क निधि को लौटाई जाएगी। कोपागंज से कसारा तक सड़क की लंबाई 5.5 किमी है। यह सड़क कोपागंज कस्बे में राष्ट्रीय राजमार्ग और कसारा में मऊ-मधुबन मार्ग को जोड़ती है।
कसारा में ही मधुबन मार्ग पर कल्पनाथ राय मेडिकल कॉलेज है, जहां रोजाना सैकड़ों लोग उपचार कराने पहुंचते हैं। इस सड़क से होकर रोजाना आसपास के 25 गांव सहित बलिया और आजमगढ़ जाने आने वाले हजारों लोग आवागमन करते हैं।
वर्ष 2016 में इस सड़क का नवीनीकरण कराया गया था, लेकिन एक साल बाद गोरखपुर-वाराणसी फोरलेन के निर्माण में डंपर और ट्रेलर से मिट्टी ढुलाई के चलते सड़क उखड़ गई। एनएचएआई ने मरम्मत की बात कही थी, लेकिन कार्य नहीं हुआ।
सड़क बीते नौ साल से बदहाल है। बारिश के दिनों में दो फीट गहरे गड्ढों में पानी जमा हो जाता है। गड्ढों के कारण 5.5 किमी की दूरी तय करने में करीब 40 मिनट लग जाते हैं। लोक निर्माण विभाग, निर्माण खंड द्वारा वर्ष 2021 से लगातार हर साल प्रस्ताव भेजा जा रहा था। बीते 26 मार्च 2025 को भी प्रस्ताव भेजा गया था।
इनसेट-
कैबिनेट मंत्री ने 9 बार लिखा पत्र, निर्माण खंड ने 5 बार भेजा प्रस्ताव
नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने नौ बार और निर्माण खंड ने सड़क चौड़ीकरण के लिए पांच बार प्रस्ताव भेजा। इसके बाद मुख्यालय में बैठे लोगों को इस सड़क की महत्ता नजर आई। निर्माण खंड ने वित्तीय वर्ष 2021-22 में 03 दिसंबर 2021 को, वित्तीय वर्ष 2022-23 में 16 फरवरी 2023, वित्तीय वर्ष 2023-24 में 07 जुलाई 2023 को प्रस्ताव भेजा। स्वीकृति नहीं मिलने पर नाबार्ड योजना के तहत वित्तीय वर्ष 2024-25 में 27 अगस्त 2024 को प्रस्ताव भेजा गया। अंतिम बार 26 मार्च 2025 को प्रस्ताव भेजा गया। एके शर्मा ने अंतिम बार 07 अगस्त 2025 को जिला औरमंडल के अधिकारियों को पत्र लिखा। इससे पहले उन्होंने 15 नवंबर 2024, 09 दिसंबर 2023, 28 अप्रैल 2023, 24 फरवरी 2023, 20 अप्रैल 2022, 08 जुलाई 2024 और 08 अक्टूबर 2024 को मुख्य अभियंता आजमगढ़ और अधिशासी अभियंता निर्माण खंड को पत्र लिखा था।
कोपागंज-कसारा मार्ग के लिए 9.49 करोड़ रुपये स्वीकृत हो गए हैं। 46.47 लाख रुपये पहली किश्त जारी कर दी गई है। कार्यदायी संस्था 20.49 लाख रुपये से पांच साल तक सड़क की देखभाल करेगी।
-राकेश कुमार, अधिशासी अभियंता, निर्माण खंड, मऊ