घोसी तहसील परिसर में आने वाले वादकारियों को सुलभ शौचालय एवं यूरिनल की समुचित व्यवस्था न होने के कारण परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। सबसे अधिक दिक्कत महिलाओं, बुजुर्गों और दूर-दराज से आने वाले लोगों को होती है।
वादकारी रमेशचंद का कहना है कि तहसील परिसर में एक कमरे में शौचालय बना हुआ है, लेकिन उस पर अधिकांश समय ताला बंद रहता है। इससे जरूरत पड़ने पर लोगों को इधर-उधर भटकना पड़ता है। महिलाओं के लिए अलग एवं सुचारु शौचालय व्यवस्था नहीं होने से उनकी परेशानी और बढ़ जाती है।
वादकारी तारा देवी ने कहा कि तहसील में घंटों इंतजार करना पड़ता है, लेकिन शौचालय की सुविधा उपलब्ध नहीं होने से काफी असुविधा होती है। वहीं, कंचन ने बताया कि महिलाओं के लिए यह स्थिति अत्यंत कष्टदायक है और संबंधित अधिकारियों को इस ओर तत्काल ध्यान देना चाहिए।
उपजिलाधिकारी अशोक कुमार सिंह का कहना है कि मामला संज्ञान में आया है। तहसील परिसर में शौचालय की व्यवस्था का निरीक्षण कराया जाएगा। यदि शौचालय बंद पाया गया तो उसे तत्काल खुलवाकर नियमित रूप से संचालित कराने और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए जाएंगे।