मऊ। शहर कोतवाली क्षेत्र के मयुर विहार कॉलोनी में निजी बैंक मैनेजर के सूने मकान से चोरों ने लाखों की भीषण चोरी की घटना को अंजाम दिया। घटना के समय बैंक मैनेजर का परिवार पिता की तबियत खराब होने के चलते उपचार कराने के लिए वाराणसी गया हुआ था।
रविवार की सुबह घर लौटने पर चोरी की जानकारी हुई। चोरी जिस जगह हुई, वहां से भीटी पुलिस चौकी महज एक किमी दूर है। उधर, चोरी की सूचना मिलने पर पुलिस मामले की जांच-पड़ताल में जुटी है। वहीं, पीड़ित ने अज्ञात चोरों को आरोपित करते हुए शहर कोतवाली में तहरीर दी है। तहरीर के अनुसार, विवेक कुमार राय ने बताया कि वह एक निजी बैंक में मैनेजर के पद पर कार्यरत है। वह और उनका परिवार शहर कोतवाली क्षेत्र के मयूर विहार कॉलोनी निवासी रितेश राय के एक मंजिला घर में किराए पर रहता है।
बीते शुक्रवार को पिता की तबियत खराब होने पर वह और उनका परिवार पिता का इलाज कराने के लिए वाराणसी गया हुआ था। रविवार की सुबह वह और उनका परिवार घर लौटकर जब अंदर पहुंचे तो देखा कि घर के तीन कमरों का ताला टूटा पड़ा हुआ है। बेडरूम में रखी आलमारी भी टूटी थी। उसमें रखे करीब पांच लाख रुपये के सोने के आभूषण, चांदी के सिक्के और 35 हजार रुपये भी गायब थे। छत के ऊपर लगी सीढ़ी का दरवाजा भी टूटा पड़ा था। ऐसा अंदेशा है कि चोर सीढ़ी के रास्ते ही घर में घु़से थे। पीड़ित बैंककर्मी ने पुलिस को तहरीर देकर सामान बरामदगी सहित चोरों की गिरफ्तारी की गुहार लगाई।
घटनास्थल एक किमी दूर, चार घंटे बाद भी मौके पर नहीं पहुंचे चौकी प्रभारी
मऊ। शहर कोतवाली के भीटी चौकी से एक किमी की दूरी पर हुई चोरी की घटना के चार घंटे बाद भी भीटी चौकी प्रभारी मौके पर नहीं पहुंच सके। पीड़ित ने बताया कि चोरी की घटना के बाद मुख्यमंत्री पोर्टल पर भी शिकायत दर्ज कराई गई है। कुछ देर बाद पहुंची पुलिस मामले की जांच-पड़ताल में जुटी रही। चोरों ने जिस बंद घर को खंगाला, उसके बगल में एक घर में लगे सीसीटीवी कैमरे को चोरी की घटना के बाद या उससे पहले कैमरे को घुमाकर उसका रेंज दूसरी तरफ कर दिया। पुलिस यदि उस कैमरे का खंगाले का कुछ साक्ष्य वहां से निकल सकते हैं।
आस-पास कई बार हो चुकी है चोरी
मऊ। मयूर विहार के आसपास कई बार चोरी की घटना हो चुकी है। बीते दिनों चौकी से कुछ दूरी से सैलून के बाहर खड़ी बाइक को चोर उड़ा ले गए। पुलिस को दी गई तहरीर के बाद भी अभी तक कोई कार्रवाई नहीं हो सकी। वहीं, फाइनेंसर द्वारा ट्रक की किस्त नहीं जमा करने मालिक के पास गए थे। पुलिस को सूचना मिलने पर ट्रक को पुलिस चौकी पर खड़ा कर दिया गया था। फाईनेंंस कंपनी के कर्मचारी पुलिस को नोटिस दिखाने के बाद भी ट्रक को पुलिस ने छोड़ दिया था।