ग्रामसभा ढेकवारा में विकास कार्यों में अनियमितता की शिकायत पर उच्च न्यायालय के आदेश के बाद जिलाधिकारी ने ग्राम प्रधान रीमा के प्रशासनिक व वित्तीय अधिकार को सीज कर दिया है। ग्रामसभा निवासी सोनू कुमार ने उच्चाधिकारियों को प्रार्थना पत्र देकर ग्राम प्रधान पर अनियमितताओं का आरोप लगाया था। जिलाधिकारी ने मामले को गंभीर से लेते हुए जिला अर्थ एवं सांख्यिकी अधिकारी, अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी की तीन सदस्यीय टीम गठित कर जांच का आदेश दिया था।
जांच टीम की रिपोर्ट में कई अनियमितताएं पाई गईं। राज्य वित्त व 15वें वित्त से किए गए कुल 10 कार्यों की मजदूरी का भुगतान सीधे प्रधान के खाते से किया गया था। वहीं मिट्टी आपूर्ति करने वाली फर्म का रजिस्ट्रेशन और रॉयल्टी रिकॉर्ड भी नहीं मिला। गांव में बने शौचालय बंद और जर्जर पाए गए। स्वयं सहायता समूह को हर महीने भुगतान किए जाने की शिकायतें भी सही पाई गईं। इन आरोपों पर जिलाधिकारी ने प्रधान एवं सचिव से स्पष्टीकरण मांगा गया था, लेकिन कोई उचित कार्रवाई न होने पर सोनू कुमार ने उच्च न्यायालय में साक्ष्यों सहित अपील दायर की। कोर्ट के निर्देश पर जिलाधिकारी ने एक बार फिर कार्रवाई करते हुए प्रधान के सभी प्रशासनिक और वित्तीय अधिकार सीज़ कर दिया। नए आदेश के तहत जिलाधिकारी ने जिला कार्यक्रम अधिकारी सहित दो सदस्यीय टीम गठित कर विस्तृत जांच रिपोर्ट तलब की है। टीम शीघ्र ही अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।