मेरी पत्नी झगड़ालू स्वभाव की है। पत्नी के कारण मां पिता से अलग रहता हूं। पत्नी अब मकानमालिक से लड़ गई है। मकान मालिक ने भी घर से निकाल दिया। अब तक कई घर बदल चुका हूं। यह गुहार रविवार को पुलिस लाइन में आयोजित परिवार परामर्श की बैठक में सदस्यों के समक्ष एक युवक ने लगाई। युवक पर शक जताते हुए उसकी पत्नी ने उसे सजा दिलाने की मांग की। दोनों पक्षों को सदस्यों ने समझाने की कोशिश की लेकिन दोनों समझने को तैयार नहीं हुए। दोनों को कोर्ट जाने का फैसला सुनाया गया। इस दौरान एक मामला और सामने आया।
जहां एक महिला ने चार बेटियां होने पर अपने पति और सास की ओर से घर से निकालने की बात कही। उधर मौके पर मौजूद सास और पति को दोनों सदस्यों ने समझाने की कोशिश की, काफी कोशिश करने के बाद कई शर्तों मानने पर महिला और उसकी बेटियां को परिवार के लोग साथ में रखने को तैयार हुए। इससे पहले सुबह दस बजे से दोपहर दो बजे तक चली बैठक में 50 मामले आए। इसमें मौके पर 10 मामले का निस्तारण हुआ। जबकि दो मामलों में दंपति आपसी गिले शिकवे भूलाकर साथ रहने को तैयार हुए। जबकि दो मामलों में सदस्यों ने मुदकमा दर्ज कराने का निर्णय लिया गया।साथ ही छह मामलों में फाइल बंद कर दी गई। 40 मामले में फाईलों में अगली तारीख दी गई। बैठक में अर्चना उपाध्याय,सर्वेश दूबे,शाहिद पैरिस ,मौलवी अरशद ने मामलों का निस्तारण किया। संवाद