घोसी तहसील मुख्यालय स्थित प्राचीन रामकुंड अतिक्रमण का शिकार।संवाद
घोसी तहसील मुख्यालय के दक्षिण स्थित पौराणिक रामकुंड पोखरा इन दिनों अतिक्रमण, गंदगी और उपेक्षा का शिकार है। कुछ लोगों द्वारा पोखरे की भूमि पर अवैध अतिक्रमण किया जा रहा है, जबकि आसपास के लोग उसमें कूड़ा-कचरा भी फेंक रहे हैं। इससे रामकुंड का अस्तित्व और धार्मिक महत्व दोनों खतरे में पड़ गए हैं।
स्थानीय लोगों के अनुसार, भगवान राम के वनवास काल से जुड़ी मान्यता के कारण यह स्थल रामकुंड के नाम से प्रसिद्ध है। किंतु वर्तमान में पूरा कुंड खर-पतवार, जलकुंभी और कूड़े-कचरे से पट गया है।
ओमप्रकाश रंजन, बुद्धिसेन मौर्य, सत्यम और रमेशचंद का कहना है कि रामकुंड का तत्काल सीमांकन कराकर अतिक्रमण हटाया जाए, नियमित साफ-सफाई की व्यवस्था की जाए तथा इसका सुंदरीकरण कराकर पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाए।
इस बाबत उपजिलाधिकारी अशोक कुमार सिंह का कहना है कि प्राचीन रामकुंड का सीमांकन कराया जाएगा। यदि अतिक्रमण पाया गया तो उसे हटाकर कुंड को अतिक्रमण मुक्त कराया जाएगा। साथ ही इसकी साफ-सफाई एवं सौंदर्यीकरण के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।