मऊ। जिले के मधुबन तहसील के मझौवा गांव के निवासी एक पुजारी के मर्यादपुर स्थित यूनियन बैंक की शाखा के खाते से धोखाधड़ी करतेे हुए दो लाख 40 हजार की राशि निकाल ली गई। अपने साथ हुई ठगी की जानकारी पुजारी को दो माह पूर्व उस समय हुई जब वे बैंक से रुपये निकालने बैंक गए।इस संबंध में उसकेे द्वारा बैंक प्रबंधन से शिकायत की गई, लेकिन कोई कार्रवाई न होते देखकर पुजारी ने मंगलवार को एसपी को शिकायती पत्र दिया ।पीड्ति आजमगढ़ तिराहा स्थित सिद्धेश्वरी मंदिर के पुजारी हैं।
मधुबन थाना के मझौवा निवासी राकेश पांडेय पुत्र स्व. अवधबिहारी ने जुलाई 2016 में यूनियन बैंक ऑफ इंडिया शाखा मर्यादपुर में किसान क्रेडिट कार्ड लिया। शाखा की ओर से उन्हें रूपे किसान कार्ड दिया। पुजारी ने अपनी बेटी की शादी के लिए इससे दो लाख 40 हजार का एडवांस लोन लिया । लेकिन किसी कारण वश बिटिया की शादी टल गई। लोन की यह राशि उन्होंने अपने खाते में ही यह सोचकर छोड़ दिया कि बेटी की शादी तय होने पर इसे निकालेगा। इधर दो माह पूर्व वह अपने बचत खाते से रुपये निकालने पहुंचे तो कैशियर ने बताया कि उसके खाते में रुपये नहीं हैं। यह सुनते ही पुजारी के पैरों के नीचे जमीन ही खिसक गई। शाखा प्रबंधक ने मामला अपने कार्यकाल का न होने की बात कहकर पल्ला झाड़ लिया। पीड़ित पुजारी का कहना है कि उसका मोबाइल नंबर भी बदल दिया गया है। जिसे उसके खाते से निकाली जाने वाली रकम का मैसेज उसके मोबाइल पर नहीं आया और उसे ठगी की जानकारी नहीं हो सकी। पुजारी को दिया गया रुपे कार्ड भी दूसरे का नाम निकाला। पुजारी ने थाना मधुबन की पुलिस को तहरीर देेकर जांच की गुहार लगाई। लेकिन कोई कार्रवाई न होने पर पुजारी ने पुलिस अधीक्षक को शिकायती पत्र सौंप जांच कराए जाने की मांग की है।
साइब्रर क्राइम शाखा को इस मामले की जांच के लिए लिखा जाएगा।बैंक के उच्चाधिकारियों को भी जांच के लिए लिखा जाएगा। बैंक के कर्मचारियों की भूमिका की जांच भी कराई जाएगी।
गिरीश चंद्रा ,अग्रणी जिला प्रबंधक यूबीआई मऊ