मऊ कोरोना संक्रमण के चलते जिले के परिषदीय विद्यालयों में अभी तक लगभग 42 प्रतिशत बच्चे ही आनलाइन पढ़ाई से जुड़ पाए हैं। आनलाइन पढ़ाई में आ रही तकनीकी समस्या के चलते विभाग की तरफ से मुहल्ला क्लास के माध्यम से बच्चों को जोड़ा गया है। आनलाइन पढ़ाई से बच्चों को जोड़ने के लिए लगभग 7165 प्रेरणा साथी का चयन किया गया है। चयन प्रक्रिया चल रही है।
जिले में 1060 प्राथमिक तथा 442 उच्च प्राथमिक विद्यालयों में लगभग 1.56 लाख बच्चे अध्ययनरत हैं। कोरोना संक्रमण काल में विद्यालय खुल गए हैं। लेकिन अभी तक शिक्षक ही विद्यालय आकर ई-पाठशाला तथा मुहल्ला क्लास संचालित कर रहे हैं। इसके साथ ही दूरदर्शन तथा आकाशवाणी के माध्यम से कक्षाएं संचालित हो रही हैं। लेकिन अभी तक लगभग 42 प्रतिशत बच्चे ही आनलाइन पढ़ाई से जुड़ सके हैं।
आनलाइन पढ़ाई के दौरान कभी नेटवर्क, बिजली समस्या सहित विभिन्न तकनीकी अड़चन के चलते शासन की तरफ से मुहल्ला क्लास शुरू की गई है। विद्यालयों में शिक्षकों की संख्या के अनुसार रोस्टर बनाया गया है। रोस्टर के अनुसार शिक्षक मुहल्लों में जाकर सार्वजनिक स्थल पर समूह में कोविड गाइड लाइन के अनुरुप बच्चों को क्लास संचालित कर रहे हैं। गांवों में परिषदीय विद्यालयों के बच्चों को शत प्रतिशत आनलाइन शिक्षा से जोड़ने के लिए विद्यालय में चयनित प्रेरणा साथी प्रेरित करेंगे। मिशन प्रेरणा में इन प्रेरणा साथ के मोबाइल पर शिक्षण सामग्री भेजी जाएगी और उसी से बच्चे पढ़ाई करेंगे। इसके तहत विभाग की तरफ से 7165 प्रेरणा साथी का चयन किया गया है। चयन का काम चल रहा है।
इस बाबत जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी डॉ. संतोष कुमार सिंह का कहना है कि ई-पाठशाला तथा मुहल्ला क्लास के माध्यम से शत प्रतिशत बच्चों को कवर करने का प्रयास किया जा रहा है।