मऊ। नगर सहित जिले के विभिन्न इलाकों में संचालित महाविद्यालय 23 नवंबर से खुल जाएंगे। कक्षा संचालन के लिए शिड्यूल तैयार कर कैलेंडर जारी किया जाएगा। इसमें ऑनलाइन क्लास को भी बढ़ावा दिया जाएगा। महाविद्यालयों में कोविड गाइड लाइन के अनुरूप सैनिटाइजेशन सहित सभी तैयारी शुरू हो गई हैं। शासन के फरमान से छात्र-छात्राओं में उत्साह का माहौल है।
जिले में दो राजकीय, दो सहायता प्राप्त सहित 150 मान्यता प्राप्त महाविद्यालय हैं। कोरोना संक्रमण के चलते कालेज बंद चल रहे हैं। ऑन लाइन क्लास के माध्यम से पठन पाठन चल रहा है। कालेज प्रशासन की तरफ से व्हाट्सएप ग्रुप बनाया गया है। इसके माध्यम से छात्र-छात्राओं की ऑनलाइन पढ़ाई चल रही है। लगभग 50 प्रतिशत छात्रों के पास स्मार्टफोन न होने से वे ऑनलाइन पढ़ाई से वंचित हैं। सरकार की तरफ से 23 नवंबर से महाविद्यालयों को खोलने का फरमान जारी किया गया है। इसके तहत 50 प्रतिशत छात्र-छात्राओं को ही प्रवेश मिलेगा। सभी के लिए मास्क, सेनेटाइजेशन, थर्मल स्कैनिंग, हैंडवाश की सुविधा होगी। बाहरी व्यक्ति को प्रवेश नहीं मिलेगा।
डीसीएसके पीजी कालेज में महाविद्यालय को खोलने को लेकर बैठक कर रणनीति तय की गई। डीसीएसके पीजी कालेज के प्राचार्य डॉ. एके मिश्र ने बताया कि कोविड गाइड लाइन के अनुरूप कालेज संचालित होगा। इसी क्रम में मर्यादा पुरुषोत्तम पीजी कालेज के प्राचार्य डॉ. रविंद्र नाथ मिश्र ने बताया कि ऑनलाइन क्लास के माध्यम से पठन-पाठन चल रहा है। लगभग 50 प्रतिशत विद्यार्थी स्मार्टफोन न होने से ऑनलाइन पढ़ाई से वंचित हैं। कालेज की वेबसाइट तथा व्हाट्सएप ग्रुप से जुड़े छात्र-छात्राओं को कालेज खुलने की सूचना दे दी गई है। कोविड गाइड लाइन के अनुरूप कालेज का संचालन होगा। आनलाइन पढ़ाई से वंचित विद्यार्थियों को प्राथमिकता दी जाएगी।
कालेज खुलने से उत्साहित हैं विद्यार्थी
मऊ। सरकार की तरफ से कोरोना संक्रमण काल में 23 नवंबर से महाविद्यालयों को खोलने के फरमान से छात्र-छात्राओं में उत्साह का माहौल है। एमए फाइनल भूगोल के छात्र मुहम्मद कासिफ का कहना है कि काफी समय से महाविद्यालय बंद चल रहे हैं। इससे समस्या आ रही है। अब कालेज में पढ़ने को मिलेगा अच्छा लग रहा है। बीए तृतीय वर्ष के शुभम विश्वकर्मा का कहना है कि घर पर ठीक ढंग से पढ़ाई नहीं हो पा रही है। अब कालेज में पढ़ाई तो होगी ही समस्याओं का समाधान भी हो जाया करेगा। बीए प्रथम वर्ष की नेहा का कहना था कि अब काफी समय बाद कालेज में पढ़ने का मौका मिलेगा अच्छा लग रहा है। बीए तृतीय वर्ष की छात्रा खुशबू मद्धेशिया का कहना था कि कालेज खोले जाने का आदेश सराहनीय है।