रतनपुरा। ब्लाक मुख्यालय स्थित जल निगम के ओवरहेड टैंक का मोटर 10 दिनों से फुंका पड़ा है। इससे दर्जनों गांवों की जलापूर्ति ठप है। इससे लोगों को शुद्ध पानी मयस्सर नहीं हो पा रहा है। प्रदूषित पानी के सेवन से लोग संक्रामक बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं। शिकायत के बाद भी समस्या का समाधान नहीं किया जा सका है।
ब्लाक मुख्यालय पर लगे हजारों लीटर वाला ओवरहेड टैंक क्षेत्र के नगवा, बीबीपुर, गाढ़ा, रतनपुरा, मुबारकपुर, धर्मागतपुर, गुलौरी, जोगापुर, दतौड़ा, खोहिया सहित दर्जनों गांवों के ग्रामीणों के लिए शो पीस बनकर रह गया है। ओवरहेड टैंक का मोटर फुंकने के10 दिन बाद भी न बदले जाने से लोगों का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया है। इससे शुद्ध पानी के लिए लोगों को इधर उधर भटकना पड़ रहा है। प्रदूषित पानी के सेवन से लोग डायरिया, पेचिस, पेटदर्द सहित विभिन्न बीमारियों से ग्रसित हो रहे हैं।लोगों का आरोप है कि शिकायत दर्ज कराने के बाद भी मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया है। इस संबंध में क्षेत्र के क्षेत्र के बेचन प्रसाद, कपिलदेव चौरसिया, संजय कुमार, विरेंद यादव, मोहन कुमार, गिरधर शर्मा, पं मदन शर्मा, पवन यादव का कहना है कि जल निगम के कार्यालय में शिकायत दर्ज कराने के बाद भी समस्याओं को निस्तारित करने की जहमत नहीं उठाई जा सकी है। अधिकारी आज कल कहकर मामले को टाल दे रहे हैं। जलापूर्ति अविलंब बहाल नहीं की गई तो हम लोग आंदोलन करने के लिए बाध्य हो जाएंगे। इस बाबत जल निगम के अवर अभियंता सचिन कुमार का कहना है कि शासन के तरफ से मिलने वाला बजट जो चार किश्तों में आता है। वित्तीय वर्ष में मात्र एक बार ही आया है। बजट के अभाव में मोटर नहीं बन पा रहा है। विभागीय अधिकारियों को पत्र भेजा गया है।