डॉ. सिद्धार्थ धनगर ने बताया कि टाइप-5 डायबिटीज पीड़ित आने वाले रोगियों में मोटापा भी नहीं है, फिर भी ब्लड शुगर लेवल बढ़ा रहता है। इसका मुख्य कारण मैच्युरिटी ऑनसेट डायबिटीज ऑफ यंग (एमओडीवाई) है। पर्याप्त नींद, पौष्टिक आहार, नियमित व्यायाम न करने से यह दिक्कत होती है।
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डायबिटीज से हृदय, गुर्दा, लिवर आदि प्रभावित होते हैं। पेट में दर्द, वजन कम होना, डायरिया, मुंह से बदबू आना इसके मुख्य लक्षण हैं। उन्होंने बताया कि इससे बचने के लिए जरूरी है कि कम से कम सात घंटे की नींद लें। पौष्टिक खाना खाएं और शारीरिक गतिविधियां बढ़ाएं।