नौहझील। कस्बे में अनियमित विद्युत आपूर्ति से ग्रामीणों में रोष है। सोमवार को उनका गुस्सा फूट पड़ा। सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण एकत्रित होकर सुबह 9 बजे बिजलीघर पर पहुंच गए। फर्श बिछाकर धरने पर बैठ गए। विद्युत निगम के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। दोपहर 12 बजे एसडीओ लाला बहादुर सिंह व जेई सतेंद्र यादव मौके पर पहुंचे। 8 दिन में समस्याओं के समाधान का आश्वासन देकर धरना समाप्त कराया।
धरने पर मौजूद प्रधान प्रशांत गुप्ता, जन कल्याण योजना के जिलाध्यक्ष मनीष जिंदल, भाजपा नौहझील मंडल अध्यक्ष जितेंद्र चौधरी, महामंत्री उमाकांत शर्मा ने बताया कि कस्बे में उपभोक्ताओं से शहरी बिल वसूला जा रहा है, लेकिन विद्युत आपूर्ति ग्रामीण क्षेत्र की की जा रही है। पिछले 2 माह से कस्बे को बिजली आपूर्ति मात्र 8 से 10 घंटे मिल पा रही है। जबकि शहरी रोस्टर के अनुसार कम से कम 22 घंटे और ग्रामीण क्षेत्र के हिसाब से 18 घंटे बिजली आपूर्ति का प्रावधान है। अधिकारी मनमानी बरत शहरी और ग्रामीण दोनों के रोस्टर के अनुसार आपूर्ति नहीं दे पा रहे हैं।
बताया कि किसान खेतों में धान की फसल की बुवाई कर रहे हैं। इससे उन्हें पानी की आवश्यकता है। पानी न मिलने से किसान परेशान हैं। कस्बे में 2-3 बिजली के खंभे टूटे पड़े हैं। इन्हें बदला नहीं गया है। मरहला रोड़ स्थित अजवार पोखर पर बीच सड़क पर ट्रांसफार्मर रखा है, इससे करंट लगने का खतरा ग्रामीणों में बना रहता है। शिकायत के बावजूद इसे हटाया नहीं गया है। रात में बिजलीघर पर दो लाइनमैन तैनात किए जाएं, जिससे उपभोक्ताओं की समस्याओं का रात में ही समाधान हो सके। एसडीओ लाल बहादुर और जेई सतेंद्र यादव ने समस्याओं के समाधान के लिए 8 दिन का समय मांगा। विद्युत आपूर्ति 17-18 घंटे देने की बात कही। एसडीओ लाल बहादुर सिंह ने बताया कि ग्रामीणों की समस्या को सुनकर समस्या के समाधान का आश्वासन दिया गया है। धरने पर संजय पठान, श्याम कुशवाह, शहीदा खां, असलम खां, भोला अग्रवाल, अरमान अली, बिलाल खां, अमर सिंह आदि मौजूद रहे। संवाद
लाइन में हुआ ब्रेकडाउन
सोमवार सुबह लगभग 9:30 बजे एक बार फिर 33 केवीए लाइन में अधिक लोड के चलते ब्रेकडाउन हो गया। इससे नौहझील क्षेत्र की बिजली आपूर्ति 3-4 घंटे ठप रही। यह ब्रेकडाउन लगातार चौथे दिन हुआ। इधर धरने के दौरान ग्रामीणों ने शाम 6 बजे बाद लाइनमैन पर उपभोक्ताओं की शिकायतें न सुनने का आरोप लगाया, इस पर लाइनमैन भड़क गया। भाजपा मंडल महामंत्री उमाकांत शर्मा ने जब लाइनमैन को डांटा तो उसने ग्रामीणों से माफी मांगी।
गोकुल से बलदेव 33 केवीए लाइन में फाल्ट से ठप रही विद्युत आपूर्ति
बलदेव। गोकुल से बलदेव जाने वाली 33 केवीए लाइन में रविवार शाम 7 बजे फाल्ट हो गया। यह फाल्ट सोमवार शाम 4 बजे जाकर सही हो पाया। इस दौरान विद्युत आपूर्ति ठप रहने से क्षेत्र में लोग बैचेन रहे। भीषण गर्मी व उमस से लोग अकुला गये। न रात को सो पाये न दिन में चैन मिला। अघोषित बिजली कटौती से लोगों में विद्युत निगम के अधिकारियों के खिलाफ आक्रोश नजर आया। बिजली न आने से घरों में इन्वर्टर, मोबाइल बंद हो गए। पीने के पानी के लिए लोग तरस गये। दूर-दूर से पानी भर कर लाए।
बिना बिजली के महिलाओं, बच्चों, बीमार और बुजुर्गों का हाल बेहाल हो गया है। भाकियू चढूंनी के मंडल अध्यक्ष रामवीर सिंह तोमर ने कहा कि जरा सी हवा, बारिश से फाल्ट हो जाते हैं। ज्ञानेंद्र पांडेय, चीनू पांडेय ने कहा कि 20-21 घंटे की बिजली कटौती से लोग परेशान हो गए। स्थानीय निवासी सोनू अग्रवाल, उमेश पांडेय, सुधीर अग्रवाल, मुकेश अग्रवाल, करण अग्रवाल, सुजीत वर्मा, मनीष गर्गाचार्य, रमेश चंद्र सिकरवार, नरेंद्र उपाध्याय, बिरला सिंह आदि ने जिलाधिकारी से समस्या के समाधान की मांग की है। एक्सईएन गौरव कुमार व एसडीओ प्रकाश सिंह ने बताया कि फाल्ट आने से दिक्कत हुई, शाम को आपूर्ति सुचारू हो गई। संवाद