उत्तर प्रदेश पंडित दीनदयाल उपाध्याय पशु चिकित्सा विज्ञान विश्वविद्यालय एवं गो-अनुसंधान संस्थान के कालेज ऑफ वेटरिनरी साइंस से 65 छात्र-छात्राओं का बैच पासआउट हो गया। इन्हें वेटरिनरी काउंसिल ऑफ इंडिया के चेयरमैन की मौजूदगी में सेवा की शपथ दिलाई गई।
शुक्रवार को आयोजित समारोह मेें वेटरिनरी काउंसिल आफ इंडिया के चेयरमैन डा. उमेश चंद्र शर्मा शामिल हुए थे। उन्होंने कहा कि योगेश्वर श्रीकृष्ण की नगरी में पंडित दीनदयाल उपाध्याय के नाम वाले महान विश्वविद्यालय से पास होने वाले वेटनरियंस सच्चे मन से समाज की सेवा का संकल्प लें। देश के गरीब और किसान पशुपालक की दशा सुधारने के लिए अपने अध्ययन को लगाएं।
एकात्म मानववाद का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि जब तक अंतिम गरीब का दुख नहीं बांटेंगे, समाज और देश का विकास संभव नहीं है। इस दौरान उन्होंने वेटरिनरी साइंस के सिलेबस में और सुधार के भी संकेत दिए। साथ ही कहा कि सभी वेटरिनरी कालेज में सीटें बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा। सबसे प्राचीन इस कालेज को स्मारक के रूप में स्वीकारते हुए, यहां मांगी गई दस सीटें भी जल्द बढ़ाई जाएंगी। विवि के कुलपति प्रो. एसी वार्ष्णेय ने वेटरिनरी साइंस की जरूरत पर प्रकाश डाला।
इससे पूर्व स्वागत भाषण वेटरिनरी कॉलेज के अधिष्ठाता प्रो. एसके गर्ग ने किया। उन्होंने इस बैच में 65 छात्रों को पशु सेवा की शपथ दिलाई। इंटर्नशिप इंचार्ज डा. विवेक मलिक भी मौजूद थे। पूर्व प्रधान मंत्री स्वर्गीय चौधरी चरण सिंह स्मृति में चल रहे किसान ट्रस्ट की ओर से बैच में प्रथम रही छात्रा आकांक्षा को आठ हजार रुपये का चेक और मेरिट प्रमाण पत्र दिया गया। द्वितीय आने वाले छात्र आनंद कुशवाहा को छह हजार रुपये का चेक और मेरिट प्रमाण पत्र दिया गया। संचालन डा. अंबिका शर्मा ने किया।