मथुरा। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) बल्देव के औचक निरीक्षण में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल तस्वीर सामने आई। आगरा मंडल की स्वास्थ्य टीम को अस्पताल में गंदगी, दवाओं के रखरखाव में लापरवाही और कर्मचारियों की गैरहाजिरी समेत कई कमियां मिलीं। फार्मासिस्ट को दवाओं की जानकारी में कमी मिलने पर स्पष्टीकरण के लिए तलब किया गया है। सीएचसी अधीक्षक को कमियां दूर कर बिंदुवार अनुपालन आख्या देने के निर्देश दिए गए हैं।
अपर निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, आगरा मंडल डॉ. मंजू सचान, मंडलीय सर्विलांस अधिकारी डॉ. आनंद वर्मा और रीजनल मैनेजर भगवान दास ने 17 सितंबर को सीएचसी का निरीक्षण किया था। इस दौरान अस्पताल परिसर की सफाई असंतोषजनक मिली। लैब तकनीशियन विवेक कुमार बिना सूचना के अनुपस्थित मिले। आपातकालीन कक्ष में कलर कोडेड डस्टबिन का प्रयोग नहीं हो रहा था। इंस्ट्रूमेंट ट्रे, सक्शन मशीन, तकिया और कलर बेडशीट समेत आवश्यक सामान भी उपलब्ध नहीं मिला। आपातकालीन दवाओं का रखरखाव अव्यवस्थित था और एक्सपायरी रजिस्टर भी अपडेट नहीं था। डीबीडीएमएस पोर्टल पर दवाओं का दैनिक विवरण और मेडिको लीगल मामलों की प्रविष्टियां भी नहीं मिलीं। प्रसव कक्ष में नवजातों का विवरण यू-विन पोर्टल पर दर्ज नहीं था और बाल आभा आईडी बनाने की प्रक्रिया भी नहीं हो रही थी। कोल्ड चेन में एग्जॉस्ट फैन की व्यवस्था नहीं मिली। फार्मासिस्ट को दवाओं की बुनियादी जानकारी का अभाव पाया गया। इसे पदीय दायित्वों के विपरीत मानते हुए उन्हें अपर निदेशक कार्यालय में उपस्थित होकर स्पष्टीकरण देने के निर्देश दिए गए।