मथुरा। चुनाव चिन्ह आवंटन के बाद अब प्रचार का अभियान तेज हो गया है। कोविड के चलते निर्वाचन आयोग की सख्त हिदायतों से इस बार चुनावी शोरगुल नहीं है। सभी प्रत्याशी खामोशी के साथ जनसंपर्क में जुटे हैं, लेकिन कोविड की गाइडलाइनों की धज्जियां प्रत्याशियों के साथ भीड़ की मौजूदगी खुलेआम उड़ा रही है।
भारत निर्वाचन आयोग ने कोविड को देखते हुए विधानसभा चुनावों के लिए आचार संहिता जारी की है। इसमें पूर्व की भांति होने वाली जनसभाएं पूर्ण रूप से प्रतिबंधित हैं, लेकिन बीते दिवस कुछ रियायत जनसभाओं को दी गई है। इसके मुताबिक ५०० लोगों तक की जनसभा अब हो सकेगी। जनसंपर्क में भी अब पांच के बजाए १० लोगों की मौजूदगी का प्रावधान कर दिया है, लेकिन यह व्यवस्था मथुरा शहरी क्षेत्र ही नहीं जनपद के सभी विधानसभा क्षेत्रों में सिर्फ कागजी नजर आ रही है।
दलीय और निर्दलीय उम्मीदवारों के साथ जनसंपर्क में भीड़ चल रही है। इस दौरान न मास्क की अनिवार्यता पर ध्यान दिया जा रहा है न निर्धारित संख्या का प्रत्याशियों को ख्याल है। जनसंपर्क में प्रत्याशी जमकर आचार संहिता की धज्जियां उड़ा रहे हैं। इस स्थिति को देख लोग चकित हैं। उप निर्वाचन अधिकारी योगानंद तिवारी ने बताया कि सभी प्रत्याशियों की निगरानी कराई जा रही है। जहां भी ऐसी स्थिति मिल रही है, वहां संबंधित प्रत्याशी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई जा रही है।