मथुरा। राधापुरम चौराहे पर ई-रिक्शा से टकराई बेलगाम थार में हादसे के वक्त तेल माफिया का भतीजा निखिल और उसका साथी विनीत बैठा था, जबकि कारोबारी का बेटा यश कार चला था। पूछताछ के बाद पुलिस ने निखिल और यश को छोड़ दिया है, जबकि विनीत की तलाश जारी है। वहीं थार रेस्टोरेंट संचालक के नाम पर बताई जा रही है।
कोतवाली के कृष्णा नगर आशापुरम कॉलोनी निवासी फूलचंद ई-रिक्शा चलाते थे। शुक्रवार सुबह को वह सवारी बैठाने के लिए गोवर्धन चौराहा के पास हाईवे किनारे खड़े थे। ई-रिक्शा में दो सवारियां भी बैठी थीं। इस दौरान तेज रफ्तार थार सवार ने ई-रिक्शा को रौंद दिया। हादसे में फूलचंद और यात्री आयूब की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि राजिया गंभीर घायल हो गईं।
पुलिस को थार से शराब की बोतल व नमकीन के पैकेट मिले थे। कोतवाल ने बताया है कि थार कार कारोबारी ज्ञानेंद्र सिंह के नाम पर है। शनिवार को ज्ञानेंद्र सिंह के बेटे यश और तेल माफिया मनोज अग्रवाल के भतीजा लक्ष्मी नगर निखिल को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई है। पूछताछ में दोनों ने बताया है कि हादसे के वक्त थार यश चला रहा था। उसके साथ अलीगढ़ निवासी विनीत कार में बैठा था, जबकि शराब पीने की बात से दोनों ने इन्कार कर दिया है। पुलिस ने पूछताछ के बाद दोनों को छोड़ दिया है। फिलहाल पुलिस विनीत की तलाश में जुटी है।
सीओ सिटी भूषण वर्मा ने बताया है कि इस संबंध में मृतक फूलचंद के बेटे विष्णु ने मुकदमा दर्ज कराया है। मामले की जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे उसी के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।