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Mathura News: सनातन की ऐसी अलख जगाई, चहुंओर गूंजा जय रघुराई

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वृंदावन। बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर धीरेंद्र शास्त्री की सनातन हिंदू एकता पदयात्रा ने सनातनियों में ऐसी अलख जगाई है कि चहुंओर जय रघुराई गूंज रहा है। दिल्ली से शुरू हुई इस पदयात्रा में लाखों लोग वृंदावन की ओर आ रहे हैं। रविवार सुबह पदयात्रा वृंदावन की पावन भूमि पर सनातनियों को एकजुट रहने का आह्वान करेगी।
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कथावाचक धीरेंद्र शास्त्री की सनातन हिंदू एकता पदयात्रा रविवार की सुबह वृंदावन की सीमा में पहुंच जाएगी। पदयात्रा से पूर्व ही वृंदावन के संतों ने तैयारियां शुरू कर दी थीं। कई दिन पहले से सभी व्यवस्थाओं को कर दिया था। यात्रा में शामिल लोगों के स्वागत सत्कार के लिए ब्रज के लोगों ने अपने दिल खोल दिए। जगह जगह स्वागत कार्यक्रम आयोजित किए गए। महाराज सहित लोगों के रुकने के लिए बडे़ बडे़ पंडाल सजाए गए। कई किलोमीटर लंबी पदयात्रा को संभालने में जितने पुलिसकर्मी लगे थे, उतने ही श्रद्धालु भी लगे थे। सनातन धर्म को मानने वाले लोग जातिबंधन को भूलकर एक साथ नजर आ रहे थे। खासकर युवा वर्ग का इस यात्रा में विशेष लगाव रहा। युवाओं की अच्छी खासी भीड़ पदयात्रा में मौजूद है। महिलाएं और बच्चे में एकता की इस यात्रा में पीछे नहीं रहे।
कथावाचक धीरेंद्र शास्त्री ने कहा, हम तो एकजुट करने आए थे लेकिन लोगों ने एकजुट होकर उन्हें अपना बना लिया है।

किसी के चेहरे पर नजर नहीं आ रही थकान
पदयात्रा में शामिल लोगों में से किसी के चेहरे पर थकान और सिकन नजर नहीं आ रही थी। हर कोई बागेश्वर बालाजी के जयकारे, जय श्रीराम के नारे लगाता हुआ नजर आ रहा था। दिल्ली से पदयात्रा में शामिल हुए रमेश ने बताया कि वह अपने पूरे परिवार संग यात्रा में शामिल हैं। वहीं मध्य प्रदेश से एक पुलिसकर्मी पांच दिन की छुट्टी लेकर पदयात्रा में शामिल होने के बाद अपने पूरे परिवार संग आए हैं। राजस्थान के भरत ने बताया कि सनातन यात्रा में शामिल होना उनके लिए सौभाग्य की बात है।
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छतों से करते रहे महाराज के दीदार का इंतजार
पदयात्रा में मौजूद धीरेंद्र शास्त्री महाराज को देखने के लिए लोग अपने घरों की छतों पर खड़े यात्रा में फूल बरसा रहे थे। धीरेंद्र महाराज के हाथ हिलाने भी से लोग खुशी से झूम उठे। जैत गांव के बच्चों ने पदयात्रा की वजह से स्कूल की छुट्टी भी कर ली थी।
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