धर्मनगरी में साधु-संतों के आश्रमों और तपस्थलियों पर अवैध कब्जे की घटनाओं और पुलिस उत्पीड़न के विरोध में गुरुवार को संत समाज ने कोतवाली का घेराव किया। संतों के आक्रोश को देखकर कोतवाली पुलिस संतों के सम्मान की रक्षा करने का आश्वासन देती दिखाई दी।
धर्म रक्षा संघ के बैनर तले इस प्रदर्शन में महंत फूलडोल बिहारीदास महाराज ने कहा कि सोची-समझी रणनीति के तहत आश्रमों पर पुलिस की मिलीभगत से अवैध कब्जे हो रहे हैं। झूठे मुकदमे भी लगाए जा रहे हैं।
महंत रामस्वरूप ब्रह्मचारी और महंत सुतीक्ष्ण दास ने कहा कि उत्पीड़न के पीछे भूमाफियाओं का हाथ है। अब संत समाज मुंहतोड़ जवाब देगा। बिहारीलाल वशिष्ठ और श्रीकृष्ण सरस ने सड़क पर उतरने की बात कही।
संघ के अध्यक्ष सौरभ गौड़ और मृदुलकांत शास्त्री ने कहा कि राम मंदिर के महंत रघुनाथ दास को फंसाने के लिए भूमाफियाओं ने महिला को भगा ले जाने का झूठा मुकदमा दर्ज कराया है। इसके बाद जानलेवा हमले का षड्यंत्र रच दिया। इस अवसर पर महंत रघुनाथ दास, राजकुमार शर्मा, हरि चौधरी, महंत लक्ष्मण दास, महंत भरत दास, महंत संतदास आदि उपस्थित थे।
महंत पर आरोप लगाने वाले को पकड़ा
राम मंदिर के महंत और उनके साथियों पर जानलेवा हमले का आरोप लगाने वाले सोम प्रताप द्विवेदी को पुलिस ने हिरासत में ले लिया है। पुलिस ने सोमप्रताप पर शराब पीकर हंगामा करने और तमंचों से उस पर फायरिंग करने की झूठी सूचना देने का आरोप लगाया है। एसएसआई ने बताया कि जांच में फायरिंग की पुष्टि नहीं हुई।