मथुरा। कंटेनमेंट जोन में रहने वाले नवजात शिशुओं की देखभाल की निगरानी एचबीएनसी (होम न्यू बोर्न केयर) की आशा कार्यकर्ताओं द्वारा फोन के माध्यम से की जाएगी। फोन के मध्यम से फॉलोअप में आशा स्वयं कम वजन वाले, समय से पूर्व जन्मे, सिक न्यू बोर्न केयर यूनिट (एसएनसीयू) से डिस्चार्ज हुए बच्चों या घरेलू प्रसव को प्राथमिकता देते हुए सभी नवजात शिशुओं के परिवारों को परामर्श देंगी।
आशा ही शिशु के स्वास्थ्य (खतरे के लक्षण) जैसे सुस्ती, बेहोशी, छूने पर ठंडा, गर्म, स्तनपान आदि के बारे में पूछेंगी। यदि प्रसव अस्पताल में हुआ है तो जन्म के समय बच्चे के वजन के बारे में भी जानकारी लेंगी। इस दौरान वह मां और परिवार को प्रसव के बाद महिला व शिशु में होने वाले खतरे के लक्षणों के बारे में बताएंगी। उनसे पूछेंगी और इस बात का आकलन करेंगी कि नवजात को कोई परेशानी तो नहीं है। यदि नवजात में किसी तरह के खतरे के लक्षण दिखे तो वह अधिकारियों को अवगत कराएंगी।
नियमों का पालन कर घरों का भ्रमण करेंगी
कोविड-19 के नियमों का पालन करते हुए आशा कार्यकर्ता नॉन कंटेनमेंट जोन में घरों का भ्रमण भी करेंगी। बिना स्पर्श किए आशाएं सामाजिक दूरी का पालन करते हुए मां और शिशु को देखेंगी। बताई गई सलाह को मां और परिवार वालों को देंगी।