मथुरा। कान्हा से सखा भाव रखने वालीं दो महिलाएं दिल्ली से मथुरा जंक्शन तक आ गईं। जहां पर आरपीएफ ने उनसे पूछताछ की और परिजन को सूचना देकर उनके सुपुर्द कर दिया।
सात जून को दो महिलाएं आरपीएफ थाने के निकट डेरा जमा कर बैठ गईं। आरपीएफ ने शुरूआत में सामान्य यात्री समझकर कुछ नहीं कहा। बाद में उनसे पूछताछ की तो वह कृष्ण की दीवानी निकलीं और वृंदावन जाना चाहती थीं। आरपीएफ ने उन्हें वृंदावन भिजवा दिया लेकिन फिर से वह थाने पर ही आकर जम गईं। वहां से हटाने के लिए आरपीएफ की महिला दरोगा ने जब उनकी तलाशी ली तो एक मोबाइल मिला।
जिसमें एक व्यक्ति से बात की तो वह दिल्ली के नवाबगंज आजाद मार्केट क्षेत्र के एक मंदिर का पुजारी निकला। बताया कि वह दोनों अनन्य कृष्ण भक्त चंद्र प्रभा (40) व राधिका( 38) हैं। पुजारी ने भाई महेश कुमार का नंबर भी दिया। महेश कुमार ने बताया कि दोनों कृष्ण की भक्ति में लीन रहती हैं। मानसिक रूप से अस्वस्थ भी हैं। यह दोनों 2 जून को बिना किसी को बताए घर से निकल गई थीं। उनकी गुमशुदगी थाना बाड़ा हिन्दूराव में दर्ज है। आरपीएफ प्रभारी निरीक्षक सीबी प्रसाद ने बताया कि कृष्ण की भक्ति में लीन होकर दोनों बहनें उन्हें तलाश करने मथुरा आईं थीं। परिजनों के सुपुर्द कर दिया है।