अभी तो हल्की बारिश ही हो रही है, तेज बरसात हुई तो क्या होगा शहर का हाल। शनिवार को हर किसी की जुबां पर यह सवाल था। सुबह के समय हुई थोड़ी सी बारिश से बाजारों और सड़कों पर घुटनों तक पानी भरा नजर आ रहा था। नगरपालिका प्रशासन ने पानी की निकासी के लिए पर्याप्त इंतजाम नहीं किए हैं, यहां तक कि नालों की सफाई भी ठीक तरह से नहीं हो पाई है।
शनिवार को सुबह से ही रिमझिम से होलीगेट, पुराना बसस्टैंड, नया बसस्टैंड, बीएसए कालेज रोड, भूतेश्वर रोड, झींगुरपुरा, गोवर्धन चौराहा, भैंसबहोरा, कैलाश नगर और ब्रजनगर में जलभराव हो गया था। बाजारों में तो स्थिति यह थी कि कई जगह दुकानों तक पानी पहुंच गया। नालों की सफाई पर लाखों का बजट बनाने वाले पालिका प्रशासन पर भी सवाल उठने लगे हैं। शनिवार को दिन का अधिकतम तापमान 34 डिग्री और रात का तापमान 28 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है।
मुसीबत बना रेलवे पुल के नीचे जलभराव
लोगों के लिए पुराने बसस्टैंड के निकट रेलवे पुल के नीचे जलभराव सबसे बड़ी मुसीबत साबित हुआ। यहां दो से तीन फीट तक पानी भर गया। इसमें दोपहिया और चार पहिया वाहन फंसते नजर आए। इन्हें निकालने में लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। कुछ दिन पहले भी थोड़ी बरसात में ही यहां जल भराव हो गया था। शनिवार को बरसात का दौर कई बार चलने के कारण यह समस्या दिन भर बनी रही।
अवकाश का लिया आनंद
जुलाई माह के दूसरे शनिवार के अवकाश का आनंद लोगों ने बरसात के चलते घरों में ही लिया। लंबी गर्मी के बाद मौसम खुशनुमा होने से लोग घरों पर ही परिवारीजनों के साथ पसंदीदा खानपान का लुत्फ उठाया।
मंडी में हालात हुए खराब
जिले का महत्वपूर्ण स्थान जहां से अनाज और सब्जी सभी के घर तक पहुंचाई जाती है, वहां पर अब कदम रखना भी मुश्किल हो गया है, जगह-जगह कीचड़, गंदगी और बदबू आ रही है। जबकि मंडी प्रशासन इस कार्य के लिए लाखों रुपये खर्च करता है, इसके बावजूद उन आढ़तियों और उपभोक्ताओं को लाभ नहीं मिल पाता। मंडी सचिव प्रवीन यादव ने कहा कि वह अभी अवकाश पर हैं, आते ही स्थिति सुधरवाने का प्रयास करेंगे। एक कंपनी को सफाई का ठेका दिया गया है, उससे भी बात करेंगे।
गर्मी से राहत, जलभराव से आफत
धर्मनगरी में शनिवार सुबह करीब 9:30 बजे शुरू हुआ बरसात का क्रम देर शाम तक जारी रहा। दो-तीन दिनों से गर्मी की मार झेल रहे लोगों ने राहत की सांस ली। सुबह लगातार एक घंटे बारिश से नगर के कुछ क्षेत्रों में जलभराव हो गया। दोपहर दो बजे से फिर से रिमझिम का क्रम शुरू हो गया जो देर शाम तक लगातार जारी रहा। बरसात की बूंदों से मौसम खुशनुमा हो गया। कई इलाकों में बरसात के चलते विद्युत आपूर्ति बाधित होने की समस्या भी उत्पन्न हुई।
यमुना के जलस्तर में हुई बढ़ोत्तरी
शनिवार को यमुना के जलस्तर में भी बढ़ोत्तरी नजर आई। बहाव के साथ जलकुंभी तैरकर आती दिखाई दे रही थी। यमुना में जलस्तर बढ़ता देख तटीय इलाकों और यमुना खादर में बसी कालोनियों में रहने वाले लोगों में भी खलबली मची है। लोग यमुना के जलस्तर में हो रही बढ़ोत्तरी को देखने के लिए यमुना घाटों पर पहुंचे।