वृंदावन(मथुरा)। पड़ोसी के घर से रोटी मांग कर खाने पर गुस्साए पिता ने अपने छह वर्षीय बेटे को पीट-पीटकर मार डाला था। मामले में एडीजे अष्टम की कोर्ट ने चार वर्ष बाद दोषी पिता को उम्रकैद की सजा सुनाई है। साथ ही एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया है। मामले में अभियुक्त के जीजा ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
वारदात 17 मई 2015 में रिफाइनरी क्षेत्र की कॉलोनी गिर्राज वाटिका में हुई। यहां के रहने वाले राजेन्द्र योगी ने अपने छह वर्षीय पुत्र धर्मेन्द्र को पड़ोसी के घर से रोटी मांग कर खाने के बाद गुस्से में न केवल मारपीट की बल्कि उसका सिर दीवार से टकरा दिया था।
इससे उसकी मौत हो गई थी। इसके बाद वह मौके से भाग गया था। बाद में अभियुक्त के जीजा कुशलपाल ने राजेंद्र योगी के खिलाफ थाना रिफाइनरी में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। पुलिस ने पिता को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
मामले की सुनवाई एडीजे अष्टम के न्यायाधीश देवकांत शुक्ला की अदालत में हुई। इसमें एडीजीसी ने आठ गवाह पेश किये। न्यायालय ने दोषी पिता को आजीवन कारावास तथा एक लाख के अर्थदंड की सजा सुनाई।
एडीजीसी ऊधम सिंह ने बताया कि अर्थदंड न देने पर अभियुक्त को एक वर्ष का अतिरिक्त कारावास झेलना पड़ेगा। वारदात के बाद से अभियुक्त जेल में है।