वृंदावन (मथुरा)। समीपवर्ती गांव धौरेरा और अहिल्यागंज में रविवार को जमीन में दफन मिले तेंदुए का शव मिलने की जांच शुरू हो गई है। तेंदुआ की किन हालातों में मौत हुई, इसे लेकर वन विभाग गंभीर है। वन विभाग ने अपने यहां वन्य जीव जंतु संरक्षण अधिनियम में मुकदमा दर्ज कर लिया है, वहीं वृंदावन कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराने के लिए तहरीर दी है। कई लोगों के मोबाइल जब्त कर लिए हैं।
तेंदुआ का बरेली के आईवीआरआई (इंडियन वेटरनेरी रिसर्च इंस्टीट्यूट) में पोस्टमार्टम हो गया। तेंदुआ के शव का पोस्टमार्टम पैनल ने किया। इस पैनल में एक डॉक्टर और असिस्टेंट शामिल रहे। विदित है कि रविवार को दोपहर धौररे-अहिल्यागंज के जंगलों में वन्यजीव के आ जाने की सूचना पर वन विभाग के क्षेत्राधिकारी मेघराज शर्मा पहुंचे और आरक्षित वन क्षेत्र में एक गड्ढे में दबा हुआ तेंदुआ का शव बरामद कर लिया था।
तेंदुआ की मौत के मामले को जिला वन अधिकारी रजनीकांत मित्तल ने गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए। इस मामले में वन विभाग ने अपने यहां वन्य जीव जंतु संरक्षण अधिनियम 1972 की धारा 9,39,51 और 52 के अंतर्गत मुकदमा दर्ज कर लिया है। वहीं वन विभाग के अधिकारी श्याम ने वृंदावन कोतवाली में अज्ञात के खिलाफ तहरीर दी गई है। वन अधिकारियों का मानना है कि आसपास के लोगों ने तेंदुआ को मारकर यहां दफन किया है। बताया जा रहा है कि आसपास के लोगों ने तेंदुआ के साथ क्रूरता करते हुए वीडियो भी बनाई है। पुलिस की मदद से तीन लोगों के मोबाइल भी जब्त किए गए हैं।
जांच का विषय है कि आखिर तेंदुआ की मौत कैसे हुई। इसके लिए विभाग ने बरेली के आईवीआरआई में डॉक्टरों के पैनल से पोस्टमार्टम करवाया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट एक सप्ताह के बाद आएगी, इसके बाद आगे की कानूनी कार्रवाई संभव है। पीएम के अनुसार तेंदुआ की उम्र चार वर्ष निकली है।
- रजनीकांत मित्तल, डीएफओ मथुरा