वृंदावन के बांकेबिहारी मंदिर की व्यवस्थाओं में बड़ा बदलाव किया गया है। इसमें मंदिर में दर्शन के समय से लेकर वीआईपी पर्ची तक पर हाईपावर्ड कमेटी की बैठक में निर्णय हुआ है।
मथुरा के वृंदावन स्थित ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर प्रबंधन के लिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा गठित कमेटी ने बृहस्पतिवार शाम को बैठक कर व्यवस्थाओं में नौ अहम बदलाव करने का निर्णय लिया। इसमें मुख्य रूप से दर्शन का समय बढ़ाने, दर्शन की लाइव स्ट्रीमिंग करने और सुरक्षा व्यवस्था पूर्व सैनिकों के हवाले करने जैसे अहम बदलाव शामिल हैं। इसके साथ ही मंदिर भवन का आईआईटी रुड़की की टीम से आंतरिक स्ट्रक्चर ऑडिट कराने का भी फैसला लिया गया।
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मंदिर प्रबंधन के लिए हाईकोर्ट के पूर्व जस्टिस अशोक कुमार की अध्यक्षता में गठित कमेटी ने कलेक्ट्रेट सभागार में सभी सदस्यों के साथ बैठक की। इसमें मंदिर की व्यवस्थाओं को बेहतर करने पर चर्चा हुई। समिति ने चर्चा के बाद मंदिर की व्यवस्थाओं में नौ अहम बदलाव लेने के निर्णय किए। सभी निर्णय श्रद्धालुओं को सीधे तौर पर राहत दिलाएंगे।
इसमें मुख्य रूप से कमेटी ने दर्शन का समय बढ़ा दिया है। गर्मी में तीन घंटे और सर्दी में पौने तीन घंटे का समय दर्शन के लिए अतिरिक्त मिलेगा। दूसरी तरफ ठाकुरजी के दर्शन की लाइव स्ट्रीमिंग भी होगी। इससे भक्तों को मंदिर परिसर व बाहर ठाकुर जी के दर्शन करने में आसानी होगी। काफी हद तक इससे मंदिर में भगदड़ की आशंका भी कम हो जाएगी।
इसके अलावा सबसे अहम बदलाव सुरक्षा को लेकर किया गया है। इसमें मंदिर प्रबंधन की ओर सुरक्षा में तैनात निजी सिक्योरिटी गार्ड से जिम्मेदारी हटाई जाएगी। उनकी जगह पूर्व सैनिकों या किसी नामचीन सिक्योरिटी कंपनी को सुरक्षा की कमान सौंपी जाएगी।
दूसरी तरफ कमेटी ने सिक्योरिटी गार्ड व पुलिसकर्मियों को उनके निर्धारित स्थल पर ही ड्यूटी करने का सख्त आदेश दिया है। अगर कोई भी पुलिसकर्मी या सिक्योरिटी गार्ड मंदिर परिसर में अपने तैनाती स्थल से कहीं अन्य जगह पाया जाता है तो उसके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
वीआईपी पर्ची बंद, खुलेगा बंद कमरे का ताला
कमेटी ने ठाकुर बांकेबिहारी मंदिर में वीआईपी पर्ची बंद करने, प्रवेश द्वारा से प्रवेश और निकास द्वारा से ही श्रद्धालुओं को बाहर निकालने की व्यवस्था सुनिश्चित करने, 15 दिन में मंदिर की चल-अचल संपत्तियों का ब्योरा पेश करने और वर्ष 2013 से 2016 का विशेष ऑडिट कराने का निर्णय लिया है। गर्भगृह के बगल में स्थित बंद कमरे को खुलवाने का भी निर्णय लिया है। इसके लिए पांच सदस्यीय समिति गठित करने के साथ ही वीडियोग्राफी कराने पर भी सहमति बनी।
बैठक में कमेटी के सदस्य सेवानिवृत्त जज मुकेश मिश्रा, जिला जज मथुरा विकास कुमार सिंह, सिविल जज शिप्रा दुबे, सदस्य सचिव डीएम चंद्रप्रकाश सिंह, सदस्य एसएसपी श्लोक कुमार, नगर आयुक्त जगप्रवेश, उपाध्यक्ष एमवडीए श्यामबहादुर सिंह, अधीक्षण पुरातत्वविद एएसआई आगरा डॉ. स्मिता एस कुमार, सेवायत शैलेंद्र गोस्वामी, श्रीवर्धन गोस्वामी, दिनेश कुमार गोस्वामी और विजय कृष्ण गोस्वामी मौजूद रहे।