वृंदावन में कूड़ा निस्तारण, कूड़ा जलाने और यमुना किनारे डाले जा रहे मलबे के मामले में गुरुवार को नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) में सुनवाई 10 मई तक के लिए टल गई। इसका कारण एनजीटी द्वारा नियुक्त आयुक्त की जांच रिपोर्ट तैयार न होना बताया गया है।
एनजीटी ने आयुक्त राहुल खुराना को दो हफ्ते का समय देते हुए अगली सुनवाई के लिए 10 मई की तिथि निर्धारित की है। एनजीटी ने अपने आदेश में कहा है कि आयुक्त खुराना अपनी विस्तृत जांच रिपोर्ट से संबंधित सभी दस्तावेजों की एक-एक कापी नगरपालिका परिषद वृंदावन और याचिकाकर्ता मधुमंगल शुक्ला उपलब्ध कराएं।
जांच रिपोर्ट पर यदि कोई आपत्ति हो तो उसे भी दो हफ्तों में ही अधिकरण के समक्ष दाखिल करें। याचिकाकर्ता के वकील राहुल चौधरी ने बताया कि एनजीटी द्वारा नियुक्त किए गए आयुक्त अभी अपनी रिपोर्ट तैयार नहीं कर पाए हैं। इस कारण अधिकरण ने उन्हें दो हफ्ते का समय और दिया है।