वृंदावन। भगवान राधा-दामोदर की प्रीत प्राप्त करने का सबसे पवित्र मास कार्तिक आस्था और उत्साह के साथ शुरू हो गया है। शरद पूर्णिमा पर सेवाकुंज गली स्थित कृष्ण-बलराम मंदिर पहुंचे विदेशी भक्तों ने कार्तिक नियम सेवा का व्रत लेकर आराध्य की आराधना का संकल्प लिया।
पवित्र यमुना तट स्थित केशीघाट पर सुबह के समय रूस, ऑस्ट्रेलिया, इंग्लैंड, यूक्रेन, तुर्किए (टर्किए), जर्मनी, स्पेन और अमेरिका आदि देशों से आए कृष्ण भक्तों ने श्रीराधा-कृष्ण की भक्ति के मार्ग पर चलने का प्रण लिया।
भक्तिवेदांत मधुसूदन गोस्वामी महाराज के सानिध्य में श्रद्धालुओं ने यमुना स्नान कर मास पर्यन्त स्नान-दान, परिक्रमा, हरिनाम संकीर्तन, संत सेवा का संकल्प लिया। महाराजश्री ने कहा कि सनातन धर्म और भक्ति के पथ में असीम शक्ति है। जो भक्त राधा-दामोदर की भक्ति में लीन होते हैं, जिससे उनके जीवन के भय, अशांति और दुखों का निवारण होता है। इस अवसर पर दामोदर महाराज, साधु महाराज, अच्युतानंद प्रभु, इंदुभूषण प्रभु, प्रेम प्रदीप दास और ऋषभ दास आदि उपस्थित रहे।