चीर घाट पर एक पक्ष ने कार खड़ी करने के लिए वहां पहले से खड़े ई-रिक्शा को आगे बढ़ाने के लिए कहा। इसी बात पर दोनों पक्षों में विवाद हो गया। विवाद में एक पक्ष ठाकुर समाज का है तो दूसरा पक्ष निषाद समाज से है। दोनों के बीच हुए विवाद ने कुछ ही समय में बड़ा रूप ले लिया। दोनों पक्षों के बीच जमकर लाठी, डंडे ओर सुआ चले। उसमें एक युवक ने दूसरे पक्ष के जहांगीरपुर निवासी योगेश के सीने में सुआ घोंप दिया। उसके शरीर से खून बहने लगा। विवाद में घायल दोनों पक्षों के नौ लोग घायल हो गए।
दोनों ही पक्ष थाने पहुंचे तो पुलिस ने सभी को मेडिकल के लिए जिला संयुक्त चिकित्सालय भेजा। इनमें सुआ लगने से गंभीर रूप से घायल योगेश को चिकित्सकों ने आगरा के लिए रेफर कर दिया। पुलिस की मौजूदगी में एंबुलेंस 108 के ईएमटी अखयराम घायल को स्ट्रेचर से एंबुलेंस की ओर ले जाने लगे तभी 20-25 लोग आए और ईएमटी पर लोहे की रोड से हमला कर दिया, जिससे उनकी नाक और पैर की हड्डी टूट गई। उनके बचाव में आए एंबुलेंस चालक जितेंद्र को भी हमला कर घायल कर दिया। वार्ड में तैनात डॉक्टर ने प्राथमिक उपचार के बाद गंभीर रूप से घायल ईएमटी को भी मथुरा के लिए रेफर कर दिया। घटना का वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो गया।
विवाद के बाद अस्पताल से भागे घायल
चीर घाट पर हुए विवाद में घायलों को जब वृंदावन कोतवाली पुलिस ने मेडिकल के लिए जिला संयुक्त चिकित्सालय में एक सिपाही और दो होमगार्ड की सुरक्षा में भेजा। तो वहां एक पक्ष के लोगों द्वारा एंबुलेंस और ईएमटी पर हमला करने पर घायल अस्पताल से भाग गए। पुलिसकर्मी और होमगार्ड मेडिकल के कागज लेकर घंटों घायलों का इंतजार करते रहे।
घटना अस्पताल के सीसीटीवी कैमरे में कैद
डॉ. विनीत कुमार का कहना है कि दो दर्जन से अधिक लोगों ने अचानक हमला बोल दिया। ईएमटी और एंबुलेंस चालक को बुरी तरह से पीटा। पुलिस से अब शिकायत की गई है। वह पुलिस से अनुरोध करते हैं कि ऐसे लोगों पर कार्रवाई की जाए ताकि आगे से ऐसी घटना नहीं हो पाए। पूरी घटना अस्पताल के सीसी कैमरे में कैद हो गई है।
चीर घाट पर ई-रिक्शा हटाने के लिए कहने पर दो पक्षों में हुए विवाद की जांच की जा रही है। इस मामले में तहरीर आने पर प्राथमिकी दर्ज की जाएगी। मामले की जांच की जा रही है। दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। -संदीप सिंह, सीओ सदर