मथुरा। डीएम नवनीत चहल ने सरकारी कार्यालयों में अधिकारी कर्मचारी की उपस्थिति चेक करने के आदेश पर जल निगम के तीनों कार्यालयों का सोमवार को आकस्मिक निरीक्षण डिप्टी कलक्टर राजीव उपाध्याय ने किया। इस दौरान कई कर्मचारी कार्यालय से नदारद मिले। उनका वेतन काटने संस्तुति की गई है।
सुबह 10.30 बजे परियोजना प्रबंधक ड्रेनेज एवं सीवेज इकाई कार्यालय पर डिप्टी कलक्टर पहुंचे। निरीक्षण के समय कार्यालय में सफाईकर्मी अमरनाथ व चौकीदार मान सिंह उपस्थित मिले। कार्यालय में परियोजना प्रबंधक और अन्य सभी कर्मचारी अनुपस्थित मिले। डिप्टी कलक्टर के पूछने पर चौकीदार ने बताया कि उपस्थिति पंजिका बाबूजी की अलमारी में बंद है। 10:40 बजे परियोजना प्रबंधक यूनिट 17 कार्यालय का आकस्मिक निरीक्षण किए जाने पर मात्र चपरासी रूपनारायण उपस्थित मिला।
कार्यालय में परियोजना प्रबंधक और उनके अन्य सभी अधीनस्थ कर्मचारी अनुपस्थित मिले। यहां भी उपस्थित पंजिका के संबंध में पूछे जाने पर चपरासी ने बताया कि वह बाबूजी की सेफ में बंद है।
10:45 बजे जल निगम द्वादश खंड कार्यालय के निरीक्षण के समय अधिशासी अभियंता पीके खंडेलवाल उपस्थित पाए गए। कार्यालय में प्रशासनिक अधिकारी सुनीता माथुर, वरिष्ठ सहायक आशा शर्मा, वरिष्ठ सहायक रविकांत वार्ष्णेय, कनिष्ठ सहायक संजीव कुमार, आंकिक राजू गोला, लिपिक सी प्रताप नारायण एवं लिपिक राजीव कुमार अनुपस्थित पाए गए। डिप्टी कलक्टर उपाध्याय ने बताया अनुपस्थित पाए गए अधिकारियों व कर्मचारियों का नियमानुसार 1 दिन का वेतन काटे जाने की संस्तुति डीएम को कर दी गई है।