हाथिया के जंगलों में शस्त्र फैक्ट्री की सूचना पर बुधवार की दोपहर पहुंची बरसाना पुलिस और एंटी टटलू स्क्वायड की बदमाशों से मुठभेड़ हो गई। 15 राउंड तक चली गोलियों के बाद पुलिस ने तीन बदमाशों को दबोच लिया। जबकि आधा दर्जन बदमाश पुलिस को गच्चा देकर भाग निकले। भागे बदमाशों की तलाश में एक घंटे तक
आपरेशन सर्च चलाया गया। मौके से पुलिस ने तीन शस्त्र फैक्ट्रियों से एक दर्जन से अधिक असलहा बरामद किए। बरसाना पुलिस को लगातार हाथिया के जंगलों में शस्त्र फैक्ट्री की सूचना मिल रही थी। पुलिस सूचना की पुष्टि कर एंटी टटलू स्क्वायड को साथ लेकर जंगलों में गई। लेकिन, पुलिस की टीम जैसे ही वहां पहुंची शस्त्र बना रहे
बदमाशों ने पुलिस पर फायर झोंक दिया। इसके बाद दोनों तरफ से 15 राउंड गोलियां चली। कुछ देर बाद बदमाशों की फायरिंग बंद हुई तो पुलिस ने देखा कि झाड़ियों में तीन स्थानों पर शस्त्र बनाए जा रहे थे। पुलिस ने मौके पर तीन बदमाशों को दबोचा लिया। जबकि छह बदमाश भाग निकले। एसएसपी विनोद कुमार मिश्र ने बताया कि पकड़े
गए बदमाश हाजी उमर पुत्र मौज खान, रतिया पुत्र चौब खान, जमशेद पुत्र मौमन खान हैं। भागे हुए में रतिया का पुत्र साहून समेत आधा दर्जन है। सभी बदमाश हाथिया के ही रहने वाले हैं। एसएसपी ने बताया कि टीम ने मौके से एक 12 बोर और एक दर्जन बने-अधबने तमंचे बरामद किए हैं।
सपा नेता का भाई है रतिया
थाना बरसाना प्रभारी निरीक्षक उदय प्रताप सिंह ने बताया कि पकड़ा गया बदमाश रतिया सपा नेता कमालू खां का रिश्ते में चचेरा भाई लगता है। पुलिस पकड़े गए तीनों बदमाशों की क्राइम हिस्ट्री खंगाल रही है।
कई बार हुआ है पुलिस का बदमाशों से सामना
यह घटना पहली बार नहीं हुई, जब बरसाना पुलिस का बदमाशों से आमना-सामना हुआ है। इससे पहले प्रभारी निरीक्षक उदय प्रताप सिंह के नेतृत्व में पुलिस की आधा दर्जन बार मुठभेड़ हो चुकी हैं। पुलिस ने टटलूबाजी, लूटपाट एवं गो-तस्करी के मामलों का खुलासा करते हुए कई बदमाशों को दबोचा है।