श्रीकृष्ण जन्माष्टमी से पहले वृंदावन के ठा. श्रीबांकेबिहारी मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ना शुरू हो गई है। सोमवार रात एक महिला श्रद्धालु की तबीयत बिगड़ गई। श्रद्धालु को भीड़ से निकालकर उपचार को ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद तबीयत में सुधार होने पर वह अपने परिजनों के साथ वापस घर लौट गईं।
बांकेबिहारी चौकी मार्ग से लेकर विद्या पीठ चौराहा तक सोमवार को शाम की पाली में दर्शन करने के लिए श्रद्धालुओं की लंबी कतार रही। इस भीड़ के दबाव और उमस भरी गर्मी के कारण बांकेबिहारी मंदिर के अंदर बुलंदशहर की महिला गीता (42) गीता पत्नी सुरेश की तबीयत बिगड़ गई। उनके साथ आए परिजन तत्काल उन्हें मंदिर में तैनात स्वास्थ्य विभाग की टीम के पास ले गए। यहां इनको ओआरएस के घोल, इंजेक्शन व दवाएं दी गईं। इसके बाद इनकी तबीयत में सुधार हुआ। बाद में उन्हें परिजनों के साथ रवाना कर दिया गया।
दर्शनार्थी मंदिर प्रबंधन और पुलिस प्रशासन द्वारा बनाए गए वनवे रूट चार्ट पर चलें। नियमों का पालन करें। मंदिर आते समय श्रद्धालु कीमती सामान, आभूषण अपने साथ न लाएं। मंदिर परिसर के समीप जूता चप्पल रखने की कोई व्यवस्था नहीं है। जूता चप्पल मंदिर के प्रवेश मार्गों से पहले तिराहे-चौराहों पर बने निशुल्क जूता घरों में उतारकर ही मंदिर आएं।
मंदिर में जेबकतरों, चेन कतरों, मोबाइल चोरों से सतर्क रहें। मंदिर में आने वाले बुजुर्ग एवं बच्चों की जेब में नाम, पता एवं फोन नंबर लिखी पर्ची अवश्य लिखकर रखें। ताकि परिजन से बिछुड़ने पर वह पुन: मिल सके। श्रद्धालु किसी भी संदिग्ध गतिविधि या वस्तु की सूचना अपने पास खड़े सुरक्षाकर्मी या पुलिस चौकी में अवश्य दें।