कोसीकलां। शेयर बाजार में दोगुना मुनाफे के झांसे में आकर एक निजी विद्यालय के शिक्षक साइबर ठगी का शिकार हो गए। उन्होंने फेसबुक पर विज्ञापन देखकर एप डाउनलोड किया। फिर प्राइमरी शेयर बाजार में निवेश के लिए ब्रोकर अकाउंट खोल लिया। तीन माह में उन्होंने 30.35 लाख रुपये निवेश कर दिए। मोटी रकम खाते में पहुंचने के बाद साइबर ठगों ने पीड़ित का ब्रोकर अकाउंट फ्रीज कर दिया। बाद में व्हाट्सएप ग्रुप पर मोबाइल नंबर भी ब्लॉक कर दिया। साइबर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच में जुट गई है।
तांगड़ा मोहल्ला निवासी शिक्षक रतन चंद दास ने बताया कि गत 9 अक्तूबर की रात्रि में उनके मोबाइल पर फेसबुक पर शेयर मार्केट से जुड़ा एक विज्ञापन आया। विज्ञापन पर क्लिक करते ही उन्हें एक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ लिया गया, जहां खुद को निवेश विशेषज्ञ बताने वाले लोग लगातार मुनाफे के स्क्रीन शॉट और मैसेज भेज रहे थे। विश्वास दिलाने के लिए पीड़ित से एक फर्जी ट्रेडिंग एप्लीकेशन डाउनलोड कराई गई। शुरूआत में पीड़ित से 5000 रुपये इंटरनेट बैंकिंग के जरिए निवेश कराए गए।
इसके बाद एप्लीकेशन में उनका बैलेंस बढ़कर 6500 रुपये दिखाया गया, जिससे पीड़ित को मुनाफे का भरोसा हो गया। इसके बाद आरोपियों ने अलग-अलग किश्तों में निवेश कराने के नाम पर बड़ी रकम ट्रांसफर कराई।
9 अक्तूबर से लेकर 27 नवंबर के बीच साइबर ठगों ने 30.35 लाख रुपये विभिन्न बैंक खातों में जमा कराए गए। जब पीड़ित ने रकम निकालने की बात कही तो ठगों ने अलग- अलग बहाने बनाए और बाद में पूरी तरह से संपर्क तोड़ लिया गया, तब जाकर पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
इस तरह की ठगी से ऐसे बचें
- मोबाइल में किसी भी एप्लिकेशन को ऑफिशियल स्टोर से डाउनलोड करें।
-एप्लिकेशन की रेटिंग और रिव्यू जरूर चेक करें।
-एप्लिकेशन की परमिशन की जांच करना भी जरूरी है।
-अपने मोबाइल में एंटीवायरस सॉफ्टवेयर इंस्टॉल अवश्य करें।
-अपने मोबाइल को नियमित रूप से अपडेट करें।
-फेसबुक व इंस्टाग्राम के किसी भी विज्ञापन पर क्लिक न करें।
-किसी भी वेबसाइट पर जानकारी साझा करने से पहले जांच करें।
-ठगी होने पर तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 पर सूचना दें।