छाता। तहसील परिसर में मंगलवार दोपहर गांव सुपाना के ग्रामीणों के साथ आए प्रधान कैलाश चंद्र को पुलिस ने हिरासत में ले लिया। ग्रामीण विद्युत विभाग की मनमानी और अवैध वसूली के खिलाफ शिकायत लेकर पुलिस क्षेत्राधिकारी कार्यालय पहुंचे थे, लेकिन पुलिस ने प्रधान सहित कई ग्रामीणों को कोतवाली भेज दिया।
जानकारी के मुताबिक गांव सुपाना से महिला व पुरुष विद्युत विभाग की मनमानी और अवैध वसूली के खिलाफ शिकायत लेकर छाता तहसील में पुलिस क्षेत्राधिकारी कार्यालय पहुंचे। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि विभागीय कर्मचारी घरों में जबरन घुस कर पैसे की मांग कर रहे हैं। कार्यालय में पुलिस क्षेत्राधिकारी मौजूद नहीं थे, तो ग्रामीणों ने पेशकार को लिखित ज्ञापन दे दिया।
कुछ देर बाद पुलिस ने प्रधान सहित कई ग्रामीणों को हिरासत में लेकर थाना छाता कोतवाली भेज दिया। हिरासत के दौरान धक्का-मुक्की की स्थिति भी बनी। ग्रामीणों ने पुलिस की कार्यशैली का विरोध किया और प्रधान को पुलिस वाहन में बैठने से रोक दिया। इस पर पुलिस पैदल ही प्रधान के साथ-साथ कई ग्रामीणों को कोतवाली लेकर गई।
सीओ भूषर्ण वर्मा ने बताया कि ग्राम प्रधान ग्रामीणों के साथ शिकायती पत्र लेकर कार्यालय पहुंचे। इसके बाद भी ग्रामीण आक्रोशित हो गए। मौके पर छाता कोतवाली प्रभारी कमलेश सिंह पहुंचे तो उनसे भी अभद्रता करने लगे। पुलिस ने इस मामले में पांच लोगों को पाबंद किया है।