पिछले 50 दिनों से चल रही सरकारी गेहूं खरीद की हकीकत देख अधिकारियों का भी पारा चढ़ गया। लक्ष्य के मुकाबले में अभी तक जिले में मात्र 25 फीसदी ही खरीद हो सकी है। कई एजेंसियों पर तो लक्ष्य की मात्र 11 फीसदी ही खरीद हुई है। इस संबंध में एडीएम सूर्यमणि लाल चंद्र का कहना है कि खरीद एजेंसियों को चेतावनी दी गई है। साथ ही खरीद में तेजी लाने के लिए भी कहा गया है।
जिले में दो अप्रैल से 74 केंद्रों पर गेहूं खरीद की शुरुआत हुई थी। इन केंद्रों पर सरकार के समर्थन मूल्य 1525 रुपये पर गेहूं की खरीद की जाने के आदेश दिए गए थे। जिले को कुल चार लाख कुंतल गेहूं खरीदने का लक्ष्य दिया गया था। जिले में खरीद शुरू हुए लगभग 50 दिन हो चुके हैं। इसके बाद भी अभी तक लक्ष्य की मात्र 25 फीसदी खरीद ही हुई है। सर्वाधिक बुरी स्थिति क्रय एजेंसी यूपी स्टेट एग्रो की है। इस एजेंसी ने लक्ष्य के सापेक्ष मात्र 11.07 प्रतिशत की ही खरीद की है। इसके अलावा लक्ष्य के सापेक्ष कर्म कल्याण निगम ने 27.53 प्रतिशत, पीसीएफ ने 27.29 प्रतिशत, खाद्य विभाग ने 26.71, यूपी एसएस ने 20.89 प्रतिशत ही खरीद की है। वहीं एफसीआई ने भी लक्ष्य के सापेक्ष काफी कम खरीद की है।
कम खरीद पर दो केंद्र बंद कराए।
मैनपुरी। लक्ष्य से काफी कम खरीद पर पीसीएफ के दो केंद्रों को बंद करने के आदेश डीएम लोकेश एम ने जारी कर दिए हैं। डीएम ने खाद्य विपणन अधिकारी नंदलाल और जिला प्रबंधक पीसीएफ को पत्र जारी कर निर्देश दिए हैं कि काफी कम खरीद होने के कारण वे घिरोर और भोगांव के अपने-अपने केंद्रों को तत्काल प्रभाव से बंद कर दें। साथ ही इन केंद्रों को आवंटित राशि और बोरा को पास के केंद्रों पर भेजना सुनिश्चित करें।