जिले में बुधवार को हुई अग्निकांड की घटनाओं ने भारी तबाही मचाई। इसमें लाखों की संपत्ति जलकर राख हो गई। किसानों की कई बीघा फसल जल गई ते में कई पशु भी झुलस गए। आग लगने की सूचना पर देर शाम तक दमकल वाहन दौड़ लगाते रहे। हालांकि ग्रामीणों ने दमकल के पहुंचने से पहले ही आग पर काबू पा लिया था।
गांव नगला मुगरिया में शाम करीब साढ़े छह बजे हाईटेंशन लाइन से निकली चिंगारी से किसान सुनहरी के दो बीघा खेत में आग लग गई। आग में दो बीघा फसल जलकर राख हो गई। सूचना पर पहुंचे दमकल के दो वाहनों ने आग पर काबू किया। वहीं कोतवाली क्षेत्र के आगरा रोड पर ट्रांसफार्मर में आग लगने से लोगों में हड़कंप मच गया। स्थानीय लोगों ने आग लगने की सूचना दमकल को दी। थाना कुर्रा क्षेत्र के गांव मकियानी में खेत में रखे भूसे के कूप में आग लग गई। आग में हजारों रुपये की कीमत का भूसा जलकर राख हो गया।
थाना करहल क्षेत्र के गांव भजाऊ में एक मकान में लगी आग में घर में रखा हजारों की कीमत का सामान जलकर राख हो गया। आग में एक भैंस मर गई। वहीं दमकलकर्मियों ने दो भैंस और एक युवक को बचा लिया। गांव दबहा गेहूं के खेत में शार्ट सर्किट से लगी आग में कई बीघा फसल जलकर राख हो गई। वहीं किशनी क्षेत्र के गांव चमनपुर में भी गेहूं के खेत में आग लगने से फसल जलकर राख हो गई। आगजनी की उक्त घटनाओं में लाखों का नुकसान हुआ है।
भोगांव क्षेत्र में गंगा होटल के समीप एक मुर्गी फार्म में लगी आग में करीब तीस मुर्गियां जलकर मर गईं। भोगांव तहसील क्षेत्र के दो अलग अलग स्थानों पर हुई आगजनी की घटनाओं मे हजारो की फसल और सामान राख हो गया। गांव जोगा निवासी राजकुमार के खेत में तार टूटकर गिर गया। आग लगने से पांच बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई।
गांव धूमसपुर निवासी रामनरायन के घर पर बिजली का तार टूटकर गिर जाने के कारण 50 हजार कीमत का सामान जल गया। गांव कुरारी निवासी अशोक कुमार के घर मे गैस सिलेंडर के रिसाव होने के कारण अचानक आग लग गई। आग में घर में रखा कीमती सामान जल गया। थाना किशनी क्षेत्र के गांव रठेह में एचटी लाइन टूटकर दो जानवरों पर गिर गया। दोनों की मौके पर ही मौत हो गई।
यहां लगी आग तो घंटों में पहुंचेगी दमकल
जिले के देहात क्षेत्र में कई स्थान तो ऐसे हैं जहां पर यदि अग्निकांड हुआ तो दमकल पहुंचने में ही घंटों बीत जाएंगे। ऐसे में उक्त स्थानों पर आग लगी तो सब भगवान भरोसे ही होगा। इस संबंध में सीएफओ मनु शर्मा का कहना है कि सीमित संसाधनों के बाद भी पूरी क्षमता से कार्य किया जा रहा है। वहीं इस संबंध में शासन को भी अवगत करा दिया गया है।
उल्लेखनीय है कि दमकल विभाग के पास जिले में कुल पांच वाहन उपलब्ध हैं। किशनी, करहल और बेवर में मात्र एक-एक वाहन है। वहीं जिला मुख्यालय पर दो हैं। वहीं कुर्रा, बरनाहल, औंछा आदि क्षेत्रों में अग्निशमन विभाग के कार्यालय तो दूर वाहन तक नहीं मौजूद रहते हैं। ऐसे में अगर थाना कुर्रा क्षेत्र में आगजनी की घटना हुई तो जिला मुख्यालय से वाहन पहुंचने में करीब एक घंटा से अधिक का समय लगेगा। इसके अलावा दन्नाहार क्षेत्र, कुरावली, बरनाहल, एलाऊ, घिरोर, औंछा तक वाहन पहुंचने में कम से कम आधा घंटे का सफर तय करना पडेगा। वहीं शहर में भी कई स्थान ऐसे हैं। जहां दमकल के वाहनों का पहुंचना लगभग मुश्किल है। ऐसे में संसाधनों के अभाव में दमकल को खासी दिक्कतों का सामना करना पडे़गा। वहीं दूसरी ओर फायर हाइड्रेंट पाइंट की व्यवस्था न होने के चलते भी विभाग को हमेशा परेशानी का सामना करना पड़ता है।
दमकल पहुंचती तो बच सकती थी जान
मैनपुरी। वर्ष 2015 में आगरा रोड में एक संकरी गली में शादी समारोह के दौरान घर में आग लगी थी। दमकल को गली के बाहर खड़ा कर कर्मियों ने जी तोड़ मेहनत कर आग से होने वाले नुकसान को तो काफी हद तक बचा लिया था। मगर आग में जलने से एक मासूम की दर्दनाक मौत हो गई थी। वहीं 2014 में यादव मार्केट में एक जूते के गोदाम में आग लग गई थी। संकरी गली होने व दमकल के छोटे वाहन की उपलब्धता न होने के चलते लाखों का माल जलकर राख हो गया था। 2011 में यादव मार्केट में डालडा घी के गोदाम में लगी आग में लाखों का सामान जलकर राख हो गया था। वाहन के गली तक न पहुंचने के चलते सड़क पर गाड़ी कर आग को बुझाने के प्रयास किए थे। वहीं वर्ष 2017 में थाना औंछा क्षेत्र के एक गांव में छप्पर में लगी आग में एक व्यक्ति की जलकर मौत हो गई थी।
रेस्क्यू आपरेशन में बचाई गाय की जान
मैनपुरी। दमकल्रकर्मियों ने बुधवार को थाना घिरोर क्षेत्र के गांव नगला गुलाल में रेस्क्यू आपरेशन के दौरान कुंए में गिरी गाय को बचाया है। ग्रामीणों द्वारा सूचना दिए जाने के 10 मिनट में ही दमकल कर्मियों ने कार्रवाई को अंजाम दिया।