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Mainpuri News: यहां भी बन रहे हैं इंदौर जैसी घटना के आसार

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फोटो 3 कलेक्ट्रेट स्थित लोहिया पार्क के पास पानी की लाइन लीकेज होने के कारण जमा पानी। संवाद
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मैनपुरी। शहर की पेयजल व्यवस्था रामभरोसे है। इंदौर जैसी घटना के आसार दिख रहे हैं। एक तरफ जहां टंकियों की सफाई व्यवस्था पर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। वहीं, दूसरी तरफ कई जगह पानी की लाइन लीकेज हो रही है। शहर में 15 टंकी स्थापित हैं, जिनकी सफाई की बात करें तो टंकी पर दर्ज रिकॉर्ड के अनुसार इनकी सफाई नियमित नहीं कराई जा रही है। कुछ टंकियां ऐसी हैं जहां दो-दो तीन-तीन साल से सफाई नहीं हुई हैं। इसके साथ ही पानी की लाइन कई जगह लीकेज है। इससे पानी प्रदूषित और विषैला होने का खतरा बना हुई है। हैंडपंप की बात की जाए तो शहर में अधिकतर हैंडपंप नालों के किनारे ही लगाए हैं। पानी की स्वच्छता की बात करें तो अधिकारी भले ही नियमित जांच करने की बात करते हों, लेकिन हकीकत में सालों से पानी की जांच नहीं कराई गई है। वर्ष 2025 की बात करें तो पूरे साल में पानी की सप्लाई और लीकेज के संबंध में 32 शिकायतें नगर पालिका के पास पहुंची जिसका निस्तारण कराया गया।
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लोग घरों में मोटर लगाकर खींचते हैं पानी
शहर के मोहल्ला गाड़ीवान और पुरानी मैनपुरी में पानी की लाइन की उचित सप्लाई न होने के कारण लोगों ने अपने घरों में मोटर लगा रखे हैं। इससे पानी को खींचा जाता है। मोटर से पानी खींचने के कारण गंदगी भी खिंच आता है। जब मोटर बंद होता है तो यह कचरा वापस टंकी की लाइन में जाता है जो दूसरे के घरों में भी पहुंच सकता है।


स्थान कलेक्ट्रेट टंकी
जिलाधिकारी कार्यालय के पास कलेक्ट्रेट पर स्थित नगर पालिका की टंकी की यहां दर्ज विवरण के अनुसार वर्ष 2023 से सफाई नहीं कराई गई है। हालांकि यहां मौजूद कर्मचारी ने बताया कि गत वर्ष सफाई कराई गई थी। साथ ही यह टंकी लोहिया पार्क के पास लीकेज भी कर रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि आए दिन यहां टंकी का पानी लीकेज होता है। जब टंकी बंद होती है तो वापसी में गंदा पानी लीकेज के माध्यम से टंकी के अंदर जाता है।
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वर्जन
लोकिया पार्क के पास पानी की टंकी लीकेज कर रही है। इससे प्रतिदिन बड़ी मात्रा में पानी बर्बाद होता है। नगर पालिका को चाहिए कि टंकी की नियमित सफाई कराते हुए लीकेज को बंद कराएं। किसी दिन इस लीकेज के माध्यम से टंकी का पानी विषैला हुआ तो इंदौर जैसी घटना यहां भी हो सकती है। टंकी के पानी की सुरक्षा व जांच नियमित होनी चाहिए। लोगों को खतरा है कि टंकी का पानी स्वच्छ नहीं है इसलिए लोग टंकी के पानी का प्रयोग नहाने और कपड़े धोने में ही कर रहे हैं। पीने का पानी हैंडपंप से लेने को मजबूर हैं।
उत्कर्ष सिंह, निवासी सिविल लाइन

स्थान- आवास विकास टंकी
इस टंकी की बात करें तो टंकी पर दर्ज विवरण के अनुसार वर्ष 2022 के बाद सफाई नहीं कराई गई है। टंकी राधा रमन रोड पर कई स्थानों पर लीकेज होती है। मुख्य सड़क पर बड़ी संख्या में वाहन निकलते हैं। टंकी बंद होने पर सड़क की गंदगी वापस टंकी की लाइन में जाती है। किसी समय किसी वाहन से गिरा जहरीला पदार्थ भी टंकी में पहुंच सकता है। जिम्मेदार इन सभी से अंजान हैं। लेकिन लीकेज और टंकी की सफाई पर ध्यान नहीं दिया गया तो यहां कभी भी हादसा हो सकता है।

वर्जन
आवास विकास स्थित पानी की टंकी की सफाई की बात करें तो करीब 10 साल से सफाई नहीं कराई गई है। यहां दर्ज तिथि भी फर्जी हैं। मोहल्ले के लोग इस टंकी के पानी का प्रयोग पीने में नहीं करते हैं। पानी की टंकी की लाइन कई जगह लीकेज कर रही है। जिम्मेदारों को लीकेज पर ध्यान देना चाहिए। यदि समय रहते ध्यान नहीं दिया गया तो यहां भी इंदौर जैसी घटना से मना नहीं किया जा सकता है।
गुड्डू राठौर, निवासी आवास विकास
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शहर की सभी टंकियों की नियमित सफाई कराई जाती है। लीकेज की जहां भी सूचना मिलती है तुरंत टीम भेजकर लीकेज को ठीक कराया जाता है। पानी की स्वच्छता की बात की जाए तो नियमित जांच भी कराई जाती है। इंदौर की घटना चिंताजनक है इसे देखते हुए शहर की सभी टंकियों की सफाई फिर से कराई जाएगी। जहां भी लीकेज की बात यहां वहां लीकेज को भी दुरुस्त कराया जाएगा।
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बुद्धिप्रकाश ईओ, नगर पालिका
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