फोटो 14 श्रीराम कथा में बोलते आचार्य भार्गव मुनीष महाराज। स्रोत आयोजक
मैनपुरी। श्रीराम कथा समिति के तत्वावधान में शहर के पंजाबी कॉलोनी स्थित माहेश्वरी धर्मशाला में श्रीराम कथा एवं अष्टोत्तरशत रुद्राभिषेक का आयोजन किया जा रहा है। कथा के सातवें दिन आधुनिकता की अंधी दौड़ में संस्कृति को भूलना अच्छा नही हैं। स्मार्ट बनें, लेकिन अपनी भारतीय संस्कृति को कभी नहीं भूलें।
आचार्य ने कहा कि श्रीराम कथा जीवन की व्यथा मिटाने वाली कथा है, जीवन को किस प्रकार जीना है ये श्रीराम कथा सिखाती है। उन्होंने कहा कि आज युवाओं को अपने धर्म और संस्कृति को जानना होगा। आधुनिकता के चलते मनुष्य अपनी संस्कृति को भूलता जा रहा है। समय के साथ चलने में कोई बुराई नही है, लेकिन धर्म और संस्कृति की उपासना भी आवश्यक है।
कथा से पहले शिवजी तापड़िया और द्वारिका तापड़िया परिवार ने व्यास पूजन किया और आरती उतारी। इस दौरान आयोजक अवध बिहारी पांडेय, वैद्य संजीव मिश्रा, अशोक गुप्ता पप्पू, सुरेश चंद्र बंसल बीनू, केके गुप्ता, घनश्याम दास गुप्ता, अमित राय, मनीष तापड़िया, दीपक गुप्ता आदि मौजूद रहे।