एक कहावत है दीपक तले हमेशा अंधेरा होता है। यह कहावत वर्तमान में जिले के स्वास्थ्य विभाग पर पूरी तरह फिट बैठती है। कारण एक ओर शहर और देहात में डेंगू, मलेरिया और अन्य संक्रामक रोगों के चलते लोगों की जान जा रही है। वहीं जिला अस्पताल में जगह-जगह गंदा पानी जमा है। जो बीमारियों को बढ़ा रहा है। वहीं विभाग के अधिकारी जिले भर में जागरूकता अभियान चलाने का दावा कर रहे हैं।
पिछले एक माह से जिले में डेंगू और मलेरिया के पीड़ितों में बेतहाशा वृद्धि हुई है। इसका मुख्य कारण स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी जगह-जगह गंदा पानी जमा होना बताते हैं। इसके लिए विभाग ने समाजसेवी संस्थाओं के साथ मिलकर लोगों को जागरूक करने का अभियान चलाया हुआ है। इसमें बताया जाता है कि घर के पास गंदा पानी एकत्रित न होने दें। कूलर में पानी एकत्रित न होने दें। इसके विपरीत जिला अस्पताल में ही बीमारी फैलाने के सारे कारण मौजूद हैं और अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
जिला अस्पताल में कई स्थानों पर गंदा पानी जमा है। इस पर न तो तेल डाला गया और न ही निकासी की ही व्यवस्था की गई है। यही नहीं विभिन्न वार्डों में लगे कूलरों में भी हफ्तों से पानी नहीं बदला गया है। इसके चलते वहां भी मच्छर पनप रहे हैं। इसको लेकर लोगों का कहना है कि विभाग दुनिया में जागरूकता फैलाने का दावा कर रहा है तो अपने आफिस और कार्यालय में साफ सफाई क्यों नहीं करा रहा है।
सभी कर्मचारियों को कार्यालयों और अस्पताल में साफ सफाई नियमित करने के आदेश दिए गए हैं। यदि फिर भी कहीं लापरवाही हुई तो उसमें सुधार किया जाएगा। साथ ही लापरवाह कर्मचारियों को चिह्नित कर कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. केके शर्मा, सीएमओ