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दो लाख की उधारी और दोस्त का वादा: पीईटी परीक्षा देने बैठा अभ्यर्थी बन गया अपराधी, एसटीएफ के सामने उगला राज

Mon, 02 Nov 2026 09:07 PM IST
Arun Parashar संवाद न्यूज एजेंसी, मैनपुरी

सार

दोस्त ने लालच दिया कि वह उसे परीक्षा में आसानी से पास करा देगा। अभ्यर्थी उसकी बातों में आ गया। पीईटी परीक्षा के दाैरान अभ्यर्थी ब्लूटूथ डिवाइस के साथ पकड़ा गया।
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पकड़ा गया अभ्यर्थी राकेश। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (पीईटी) में एक युवा के बिखरते सपनों की दर्दनाक दास्तां सामने आई है। कुंवर आरसी कन्या इंटर कॉलेज परीक्षा केंद्र पर रविवार को ब्लूटूथ डिवाइस के साथ पकड़े गए अभ्यर्थी राकेश कुमार से सोमवार को आगरा एसटीएफ ने लंबी पूछताछ की। पूछताछ में उसने जो वजह बताई, उसने हैरान कर दिया। दो लाख रुपये के कर्ज की वसूली के लिए उसने पूरा भविष्य ही दांव पर लगा दिया। फिलहाल, कोतवाली पुलिस ने जिला अस्पताल में उसका चिकित्सीय परीक्षण कराने के बाद उसे न्यायालय के समक्ष पेश किया जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
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एसपी सिटी ने बताया कि पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि प्रयागराज में रहने वाले उसके एक दोस्त पर उसके दो लाख रुपये उधार थे। जब उसने रुपये मांगे तो दोस्त ने असमर्थता जताते हुए एक खतरनाक तरकीब सुझाई। दोस्त ने लालच दिया कि वह उसे परीक्षा में आसानी से पास करा देगा, जिसके बाद दोनों के बीच दो लाख रुपये का हिसाब-किताब चुकता मान लिया जाएगा। इसी बहकावे में आकर राकेश ने नकल की यह योजना बनाई। योजना के तहत उसने कान में बेहद बारीक माइक बड्स छिपा रखा था जबकि मुख्य ब्लूटूथ डिवाइस को परीक्षा कक्ष की खिड़की के पास सावधानी से रख दिया था।

 
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बार-बार गर्दन घुमाने पर पकड़ा गया
परीक्षा शुरू होने के बाद से ही राकेश मानसिक रूप से काफी असहज था। वह बार-बार अपनी गर्दन घुमाकर इधर-उधर देख रहा था। उसकी इन हरकतों ने कक्ष में मुस्तैद निगरानी टीम का ध्यान खींच लिया और उस पर शक गहरा गया और वह पकड़ा गया।

 
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सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल
यह घटना सिर्फ एक अभ्यर्थी के पकड़े जाने की नहीं है, बल्कि परीक्षा की सुरक्षा व्यवस्था पर सवालिया निशान है। प्रशासन और केंद्र के बाहर सघन चेकिंग तथा मेटल डिटेक्टर से जांच की जा रही थी। ऐसे में सवाल यह उठता है कि ब्लूटूथ और इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स जैसे हाईटेक उपकरण मुख्य द्वार की सुरक्षा को भेदकर सीधे परीक्षा कक्ष तक कैसे पहुंच गए? क्या चेकिंग महज एक औपचारिकता बनकर रह गई थी या इसमें किसी स्तर पर लापरवाही बरती गई, यह जांच का विषय है।

अभ्यर्थी से आगरा एसटीएफ की टीम ने भी गहन पूछताछ की है। इस दाैरान यह बात सामने आई है कि प्रयागराज में रहने वाले एक दोस्त के दो लाख रुपये के कर्ज को चुकाने के चक्कर में उसने यह कदम उठाया था। मुख्य साजिशकर्ता की तलाश में पुलिस और एसटीएफ की टीमें जुटी हुई हैं, जिसे जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा। -अरुण कुमार सिंह, एसपी सिटी

 
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