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Mahoba News: बुखार से मासूम समेत तीन की मौत

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-24 घंटे में 15 मरीजों की हालत नाजुक होने पर कराया गया भर्ती
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फोटो 30 एमएएचपी 01 परिचय-जिला अस्पताल में मरीज का उपचार करते डॉ. गुलशेर अहमद। संवाद
संवाद न्यूज एजेंसी
महोबा। संक्रामक बीमारियों का कहर जारी है। बृहस्पतिवार को बुखार और पेटदर्द से मासूम समेत तीन लोगों की मौत हो गई। 24 घंटों में 15 मरीजों की हालत गंभीर होने पर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। उल्टी-दस्त, बुखार, पेटदर्द, सर्दी, खांसी के मरीजों की अस्पतालों व क्लीनिकों में भरमार है।
जिला अस्पताल की ओपीडी खुलते ही मरीजों और तीमारदारों की भीड़ जुटी। ओपीडी में 532 मरीजों का चिकित्सकों ने उपचार किया। सर्वाधिक मरीज मौसमी बीमारियों के रहे। 24 घंटे में बुखार, पेटदर्द आदि से पीड़ित आयुष, ब्रह्मरानी, रोहन, संदीप, गनेश, रामादीन, अजय, गौरी, पिंकी, सूर्यांश, मृत्युंजय, राधा, रुचिका, मयंक व प्रांशू की हालत गंभीर होने पर वार्डों में भर्ती कराया गया।
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थाना अजनर के अरघटमऊ निवासी गयाप्रसाद की बेटी कीर्ति (08) बुखार से पीड़ित थी। बृहस्पतिवार को तबीयत बिगड़ने पर परिजन उसे जिला अस्पताल लाए। जहां डाॅक्टर ने मृत घोषित कर दिया। श्रीनगर के उरवारा गांव निवासी सोनू अहिरवार का एक माह का बेटा गौरव चार दिन से बुखार से पीड़ित था। बुधवार की रात हालत बिगड़ने पर परिजन उसे अस्पताल लाने लगे लेकिन रास्ते में मौत हो गई।
कस्बा जैतपुर निवासी सुखी श्रीवास (65) बृहस्पतिवार की रात घर पर थी। तभी तेज पेटदर्द व बुखार होने पर परिजन उसे सीएचसी बेलाताल ले गए। बाद जिला अस्पताल लाने लगे लेकिन रास्ते में उसकी मौत हो गई। उधर, सीएमएस डाॅ. सुरेश कुमार का कहना है कि सुबह-शाम पड़ रही ठंडक से लोग विभिन्न बीमारियों के चपेट में आ रहे हैं। ऐसे मौसम में बेहद सावधानी बरतने की जरूरत है।
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इस तरह करें बचाव
बुखार आने पर पैरासिटामोल दवा लें। अधिक मात्रा में पानी पीएं। गले में खराश होने पर गरारे करें। संतुलित भोजन व ताजे फल खाएं। किसी भी प्रकार की समस्या होने पर चिकित्सक से परामर्श लें।
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