गरीबों के शादी विवाह आयोजन और अन्य कार्यक्रमों को
संपन्न कराने को शहर में लाखों रुपये की लागत से बनवाया गया टाउन हाल
कबाड़खाने में तब्दील हो गया है।
टाउन हाल परिसर गंदगी से पटा पड़ा
होने के साथ-साथ सुअराें का अड्डा बन गया है। हालात यह हैं कि गंदगी और
दुर्गंध के चलते परिसर में एक मिनट खड़ा होना भी दुश्वार हो गया है।
तकरीबन
पांच साल पहले नगर पालिका द्वारा लाखाें रुपये की लागत से बनवाया गया टाउन
हाल बदहाल हो गया है। इस भवन में नगर पालिका की टूटी कूड़ा गाड़ियां और
अन्य कबाड़ का सामान भरा पड़ा है।
नगर पालिका परिसर में खुले में
पड़ा कबाड़ का सामान चोरी न हो, इसलिए इसे टाउन हाल में भर दिया गया है।
इससे शादी विवाह के मकसद से बनाया गया टाउन हाल कबाड़खाने में तब्दील हो
गया है।
कभी साफ सफाई और रंगाई पुताई के बाद चमाचम दिखने वाला टाउन
हाल देखरेख के अभाव में सूअरों का अड्डा बन गया है। पूरे दिन सूअर यहां डटे
रहते हैं।
परिसर की साफ सफाई न होने से गंदगी के कारण यहां एक
मिनट ठहरना मुश्किल हो गया है। जगह-जगह गंदगी का अंबार लगा है। उधर, पालिका
प्रशासन आज तक कबाड़ की नीलामी नहीं करा सका है। इससे न तो टाउन हाल के
भवन की देखरेख हो पा रही है और न साफ सफाई।
टाउन हाल में बिजली और
पानी तक के भी इंतजाम नहीं हैं। खराब हैंडपंप पानी नहीं दे रहा है। उधर,
वर्षों पहले निर्माण के समय की गई बिजली की व्यवस्था भी गड़बड़ा गई है। नगर
पालिका परिषद की उदासीनता के चलते टाउन हाल के हालात बदतर हो गए हैं। इससे
नागरिकों को इसका कोई फायदा नहीं मिल रहा है।