महोबा। किसान को मारपीट कर एक लाख रुपये की रंगदारी मांगने और न देने पर ट्रैक्टर में आग लगा देने के 19 वर्ष पुराने मामले में अपर जिला सत्र न्यायाधीश प्रथम राजीव कुमार पालीवाल ने गुरुवार को फैसला सुनाया। दोषसिद्ध होने पर दो दोषियों को पांच-पांच वर्ष के कारावास व आठ-आठ हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
घटना कोतवाली चरखारी के सूपा गांव की है। वर्ष 2002 में किसान मोहम्मद एहसान खेत की रखवाली कर रहा था। तभी गांव के ही पंचू लोधी, अलखराम, छत्रपाल व छोटू लाठी-डंडे लेकर वहां पहुंच गए और किसान की मारपीट करते हुए एक लाख रुपये की रंगदारी मांगी। बाद में आरोपियों ने खेत में खड़े एहसान के ट्रैक्टर में डीजल छिड़ककर आग लगा दी थी। पीड़ित ने घटना की रिपोर्ट कोतवाली चरखारी में दर्ज कराई थी।
अपर जिला सत्र न्यायाधीश प्रथम राजीव कुमार पालीवाल ने मामले की सुनवाई के बाद फैसला सुनाया। मुकदमे की पैरवी कर रहे अपर जिला शासकीय अधिवक्ता दिनेश सिंह ने बताया कि मामले में अभियुक्त अलखराम व छोटू को पांच-पांच वर्ष के कारावास की सजा सुनाई गई है। साथ ही आठ-आठ हजार रुपये का जुर्माना ठोका गया है। मामले में अभियुक्त पंचू लोधी की पूर्व में मृत्यु हो चुकी है जबकि छत्रपाल का कोई सुराग नहीं है।