महोबा। पिछले पांच दिनों से टिड्डी दल डेरा जमाए हैं। रोज गांव बदलने से वन विभाग और कृषि विभाग के अधिकारी खासे परेशान हैं। टिड्डी दल ने शनिवार को ग्राम स्वासामाफ और इटवा गांव में डेरा जमा लिया। सूचना पर पहुंची कृषि विभाग की टीम ने दमकल विभाग के जवानों की मदद से रासायनिक दवाओं का छिड़काव कर टिड्डियों को मार गिराया। इससे किसानों ने राहत की सांस ली।
कोतवाली चरखारी के ग्राम स्वासामाफ व सालट में पेड़ों पर टिड्डी दल ने डेरा जमा लिया। इससे किसान खेतों में बोई गई सब्जी, फसल और मूंग-उर्द को बचाने के लिए थाली, तसले बजाकर शोर करते रहे हैं। बाद में सूचना पर पहुंचे उप निदेशक कृषि जीराम ने दमकल विभाग के जवानों की मदद से पेड़ों पर रासायनिक दवाओं का छिड़काव कराया। जिससे लाखों की संख्या टिड्डी दल जमीन में गिर गई जबकि तमाम टिड्डी उड़कर दूसरे गांव की तरफ निकल गई। लाखों की संख्या में बड़ी चंद्रिका देवी मंदिर के समीप एक घंटे तक टिड्डी दल मंडराता रहा। टिड्डी दल को देखने के लिए लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई। टिड्डी दल बिच्छूपहाड़ी से होता हुआ इटवा गांव में पहुंच गया। यहां किसानों ने थाली और ढोल-नगाड़े बजाकर टिड्डी दल को भगाया। हालांकि बुंदेलखंड में अभी 90 फीसदी खेत खाली पड़े होने के कारण किसानों को नुकसान नहीं हो रहा है। उप निदेशक कृषि ने बताया कि टिड्डी दल कई दिनों से जिले में एक के बाद एक गांव को निशाना बना रहा है लेकिन टीम के सक्रिय होने के कारण किसानों को नुकसान नहीं हुआ है।