शुक्रवार की शाम झांसी से हॉर्निया का ऑपरेशन कराकर लौटे स्वतंत्रता संग्राम सेनानी का अचानक रात तकरीबन दस बजे निधन हो गया। वह 95 वर्ष के थे। शनिवार को जिलाधिकारी वीरेश्वर सिंह ने उनके ज्येष्ठ पुत्र को शासनादेश के मुताबिक स्वतंत्रता संग्राम सेनानी को दी जाने वाली पांच हजार रुपए की धनराशि प्रदान की। साथ ही उनके निधन पर शोक व्यक्त किया।
शनिवार को शाम कीरत सागर स्थित मोक्ष धाम में गार्ड ऑफ आनर दिया गया। इस दौरान उप जिलाधिकारी राकेश कुमार गुप्ता, सीओ सदर संदीप यादव, तहसीलदार गुलाब सिंह राजपूत ने भी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी को पुष्पांजलि अर्पित की। इसके अलावा स्वतंत्रता संग्राम सेनानी को अंतिम विदाई देने के लिए जनसमूह उमड़ पड़ा।
इस मौके पर पूर्व विधायक अरिमर्दन सिंह, पूर्व मंत्री सिद्ध गोपाल साहू, पूर्व प्रधानाचार्य शिवकुमार गोस्वामी, नंदकिशोर पस्तौर, रमेश जैदका, सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य विपिन बिहारी द्विवेदी, अखिल भारतीय साहित्य परिषद के अध्यक्ष पं. जगप्रसाद तिवारी आदि मौजूद रहे।