मामले में एसआई को लाइन हाजिर कर दिया गया था। इस मामले को जिलाधिकारी मनोज कुमार ने गंभीरता से लेते हुए सोशल मीडिया में प्रसारित ऑडियो व दरोगा पर हुई कार्रवाई को लेकर मजिस्ट्रीयल जांच के आदेश दिए हैं। उप जिला मजिस्ट्रेट जितेंद्र कुमार को जांच अधिकारी नामित किया गया है।
उप जिला मजिस्ट्रेट ने कहा कि इस मामले में जिसके पास किसी प्रकार की जानकारी हो, तो वह 28 जनवरी तक दोपहर दो बजे तक कार्यालय में उपस्थित होकर अपना लिखित व मौखिक साक्ष्य प्रस्तुत कर सकता है। बता दें कि थाना महोबकंठ में तैनात दरोगा को बालू से भरे ट्रैक्टर मामले में एसपी ने लाइन हाजिर कर दिया था।
कार्रवाई के बाद सोशल मीडिया में दरोगा व बालू माफिया के बीच हुई बातचीत के तीन ऑडियो वायरल हो गए। इनमें बालू माफिया थाने के कारखास सिपाही को बालू भरे ट्रैक्टर निकलने के नाम पर पांच हजार रुपये दिए जाने की बात कहते हुए ट्रैक्टर छोड़ने की आरजू-मिन्नत कर रहा है।