महोबा। अपर जिला सत्र न्यायाधीश रामकिशोर शुक्ला ने दुष्कर्म के मामले में अभियुक्त को दस साल की सजा सुनाई जबकि किशोरी को अपने घर बुलाने के मामले में महिला को दस माह की सजा सुनाई। अदालत ने अभियुक्त पर दस हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया। जुर्माना अदा न करने पर पांच माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेेगी।
कस्बा खरेला के एक मोहल्ला निवासी 12 वर्षीय किशोरी को 16 फरवरी 2018 को रात करीब 8 बजे एक रेखा नाम की महिला ने सब्जी देने के बहाने अपने घर पर बुलाया। किशोरी जैसे ही उसके घर पहुंची वहां पर पहले से अशोक उर्फ फौजी मौजूद था। उसने किशोरी को दबोच लिया और उसके साथ दुष्कर्म किया। घटना की रिपोर्ट पीड़िता के पिता ने थाना खरेला में उसी दिन दर्ज करा दी थी।
अपर जिला सत्र न्यायाधीश ने बुधवार को दोनों पक्षों के गवाह और बहस सुनने के बाद अशोक उर्फ फौजी को दुुष्कर्म का दोषी ठहराते हुए उसे दस साल की सजा सुनाई। साथ ही दस हजार रुपये का जुर्माना ठोंका। जुर्माना अदा न करने पर पांच माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी पड़ेेगी। इस मुकदमे की पैरवी करते हुए अपर जिला शासकीय अधिवक्ता दिनेश सिंह ने बताया कि महिला रेखा को दस माह की सजा सुनाई। दोनों अभियुक्त पहले से ही जेल में बंद है।