महोबा। निकाय चुनाव निष्पक्ष तरीके से कराने के लिए जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। जिलाधिकारी ने राजस्व विभाग की टीम के साथ चिलचिलाती धूप में शहर के कई मोहल्लों का औचक निरीक्षण कर घरों में जाकर वोटर लिस्टाें का मिलान किया। इतना ही नहीं वोटर लिस्ट के मुताबिक घराें में जाकर लोगाें से मतदाताआें के बाबत पूछताछ की। बीएलओ को निर्देश दिए कि सत्यापन कार्य ठीक से किया जाए। यदि मतदान के दिन फर्जी मतदाता पकड़े गए तो बीएलओ के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी डा. काजल शनिवार को राजस्व विभाग के अधिकारियाें और कर्मचारियाें की टीम के साथ करीब 11 बजे शहर के मकनियापुरा, दरियापुरा और नैकानापुरा जा धमकीं जहां पर भगवानदास, मोहम्मद अशरफ सहित कई लोगाें के घराें में जाकर मतदाताआें की संख्या पूछी और वोटर लिस्ट से मिलान किया। इसके बाद प्राथमिक विद्यालय संत साहू का निरीक्षण किया और किन कमराें में बूथ बनाए जाएंगे, यह भी देखा। डीएम के स्वयं पैदल चलकर तेज धूप में घर-घर जाकर लोगाें से पूछताछ किए जाने के कारण लोग सकते में पड़ गए। जिलाधिकारी ने तीन महीने के अंदर मोहल्लाें में आकर रहने वाले लोगाें के बाबत पूछताछ की। साथ ही ऐसे लोगाें पर नजर रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि बीएलओ ठीक तरीके से सत्यापन करें यदि मतदान के दिन गलत तरीके से वोटर लिस्ट में नाम दर्ज कराकर वोट डालता पकड़ा गया तो बीएलओ के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि मतदान के दिन यदि 18 साल से कम उम्र का बच्चा वोट डालते पाया गया तो उसके माता पिता के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि जिसका जहां चूल्हा जलता है, उसे वहीं का मतदाता माना जाएगा और वह वहीं से मतदान करेगा। उन्हाेंने महोबा छोड़कर बाहर रहने वाले लोगाें के वोटर लिस्ट से नाम हटाने के निर्देश दिए।