महराजगंज। चंडीगढ़ औद्योगिक क्षेत्र की महिला से सामूहिक दुष्कर्म के मामले में आरोपियों के खिलाफ बेलेबल वारंट जारी हुआ है। आरोपी मनीष शारदा, अनिल गौतम और उमेश मंदरवाल की मुश्किल बढ़ गई है। इस पूरे खेल में फैक्ट्री में कार्यरत एक सेवानिवृत वरिष्ठ अधिकारी इन आरोपियों के बचाव में जुटा है।
मामले में दो अप्रैल को सुनवाई हुई थी। अगली सुनवाई दो मई को होगी। मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में मामला चल रहा है। पीड़िता के अधिवक्ता की ओर से सभी जरूरी तथ्यों को सहेज कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है। मामले में आरोपियों की मुश्किल बढ़ती जा रही है। तीन आरोपियों के अलावा फैक्ट्री के एक अधिकारी की भूमिका संदिग्ध है। उसकी ओर से पूरे प्रकरण में उलझाने के लिए पेंच फंसाया जा रहा है।
उधर, पीड़ित भी न्याय पाने के लिए डटी है। उसके अधिवक्ताओं की ओर से कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है। यह मामला चल ही रहा था की इसी बीच उत्तराखंड की एक महिला ने भी आरोपियों पर दुष्कर्म का आरोप मढ़कर मामले को तुल दे दी है। अभी उसकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। मामले में आरोपियों की ओर से विधिक प्रक्रिया पूरी करते हुए बचाव का रास्ता खोजा जा रहा है।
पत्रावली से मिली जानकारी के अनुसार, मनीष शारदा ने ही महिला को महराजगंज की फैक्टरी में नौकरी लगवाने का झांसा दिया था। फैक्टरी देखने के लिए महिला को बुलाया। वह समझ नहीं सकी और आरोपियों के साथ 22 जून 2021 को कानपुर पहुंची। यहां से उसके साथ तीन लोग एक कार में तथा पांच-छह अन्य लोग दूसरी कार में महराजगंज के लिए निकले।
फैक्टरी देखने के बाद रात में उन सभी ने कोल्हुई के पास खाना खाया और फिर कानपुर के लिए निकले। गांव कोल्हुई से कुछ दूर आगे आने के बाद गाड़ी को संकरी सड़क पर उतार लिया। गाड़ी में ही तीनों आरोपियों ने उसके साथ दुष्कर्म किया। पीड़िता की शिकायत पर कोल्हुई पुलिस ने केस दर्ज किया था और विवेचना के बाद रिपोर्ट कोर्ट में दाखिल की थी। इस मामले में सुनवाई मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की कोर्ट में समय समय पर हो रही है।
अश्लील वीडियो भी बनाकर शारीरिक शोषण किया था
वर्ष 2022 में नौकरी के लिए उमेश सिंह मंदरवाल और मनीष शारदा से हरिद्वार इंडस्ट्रीयल एरिया में महिला से मुलाकात हुई थी। उमेश सिंह मंदरवाल अपने को भूषण फैक्टरी (रुद्रपुर) का मालिक बताया था। मनीष ने अपने को फैक्ट्री का जीएम बताया था। ये कई बार चंडीगढ़ से हरिद्वार और रुद्रपुर फैक्टरी का निरीक्षण करने आते जाते थे। आरोपियों ने भूषण फैक्टरी का मुख्य कार्यालय चंडीगढ़ में होना बताया था। उमेश सिंह मंदरवाल और मनीष शारदा ने 2022 में फैक्टरी में एक इंटरव्यू के बहाने रुद्रपुर स्थित होटल में बुलाया और दुष्कर्म किया। अश्लील वीडियो भी बनाकर शारीरिक शोषण किया था।
हर कदम पर पीड़िता को छलने की कोशिश हुई थी
पीड़िता को हर कदम पर छलने की कोशिश की गई। मामले में जितने भी आरोपी हैं। सबने बारी-बारी उसे गुमराह का फंसाने की कोशिश की। पूरे खेल को पीड़िता समझ नहीं सकी और उनके बुने जाल में फंसती चली गई। पीड़िता मार्च 2021 में चंडीगढ़ के सेक्टर 17 में स्थित डीसी कार्यालय में शपथपत्र बनवाने गई थी। वहां उसकी मुलाकात दो लोगों से हुई। उन्होंने न सिर्फ उसका शपथपत्र बनवाकर दे दिया, बल्कि स्टील फैक्टरी में नौकरी दिलाने का भी भरोसा दिया। आरोप है कि वहां दोनों ने उससे दस्तावेज ले लिए और सादे कागजात पर अंगूठा भी लगवा लिया। पीड़िता का कहना है कि जब उसने आरोपियों से गोंडा में फैक्टरी में काम पर जाने की बात कही तो उन्होंने कानपुर में मिलने के लिए बुलाया। 21 जून 2021 को एक युवक उसके घर आया जिसने फोन पर एक आरोपी से बात कराई। इसके बाद उसे महराजगंज ले जाया गया। इस तरह से उसे जगह-जगह बुलाकर परेशान भी किया गया। इस पूरे खेल को पीड़ित जब तक समझी तब तक वह पूरी तरह से इनके जाल में फंस चुकी थी। आरोप है कि सामूहिक दुष्कर्म की वजह से पीड़िता ने एक बच्चे को जन्म दिया है।