महराजगंज/फरेंदा। वासंतिक नवरात्र रविवार से शुरू हो रहा है। इसको लेकर जिले के सभी देवी मंदिरों की साफ-सफाई के साथ सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। फरेंदा क्षेत्र का प्रसिद्ध शक्तिपीठ मां लेहड़ा वाली मंदिर पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं।
मेले में चप्पे-चप्पे पर पुलिस की पैनी नजर रहेगी। मंदिर के अंदर और बाहर सीसीटीवी कैमरे से नजर रखी जा रही है। फरेंदा क्षेत्र का मां लेहड़ावाली मंदिर प्रसिद्ध शक्तिपीठों में एक अलग महत्व है। यह मंदिर महाभारत काल से लोगों के आस्था का केंद्र है। मान्यता है कि महाभारत काल में अज्ञातवास के दौरान पांडव आद्रवन में समय बीताए थे। उसी दौरान द्रोपदी ने मां दुर्गा को अपनी साड़ी फाड़कर चढ़ाया तथा विजयश्री का वरदान मांगा था।
तभी से यहां चुनरी चढ़ाने की परंपरा की शुरुआत हो गई है। मान्यता है कि सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी होती है। नवरात्र के दिनों में गोरखपुर, संतकबीरनगर, सिद्धार्थनगर, बस्ती सहित पड़ोसी देश नेपाल से श्रद्धालु मां के दर्शन के लिए पहुंचते हैं। मंदिर के पुजारी देवीदत्त पांडेय ने बताया कि भक्तों की सुरक्षा को लेकर मंदिर प्रशासन भी पूरी तरह से तैयार है।
भक्तों की सुरक्षा को लेकर स्वयंसेवी संस्थाएं भी लगी हैं। वहीं फरेंदा दुर्गा मंदिर के साथ महराजगंज शहर दुर्गा मंदिर, मां बोकड़ा देवी मंदिर, बनैलिया माता मंदिर, सियरही भार देवी मंदिर, टिकुलहिया मंदिर, सोनाड़ी देवी और कुड़िया माता मंदिर में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं।
मंदिर की सुरक्षा को लेकर 200 से अधिक पुलिसकर्मी तैनात
फरेंदा। वासंतिक नवरात्र के आरंभ से ही मां लेहड़ा दुर्गा मंदिर पर श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए पुलिस प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट है। मेले में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। मंदिर की सुरक्षा के लिए 200 से अधिक पुलिस बल की तैनाती है। पुलिस क्षेत्राधिकारी अनिरुद्ध कुमार ने बताया कि मेले में सुरक्षा को देखते हुए चार एसओ, 40 एसआई, 20 महिला एसआई, 80-80 कांस्टेबल और हेड कांस्टेबल लगाए गए हैं। मेले को तीन जोन में बांटा गया है। दो पार्किंग स्थल बनाएं गए हैं। बड़े वाहनों को रोका गया है। छोटे वाहन मंदिर मोड़ तक जाएंगे। एक फायर विभाग की टीम के साथ पीएसी के जवान भी तैनात रहेंगे। चैन स्नेचरों पर पुलिस की पैनी नजर रहेगी।