फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

यूक्रेन से तीन छात्र पहुंचे घर, परिजनों में खुशी

विज्ञापन
राजौड़ा पंजूम में यूक्रेन से वापस आने के बाद शिवम कुमार मल्ल को मिठाई खिलाते परिजन।संवाद - फोटो : MAHARAJGANJ
विज्ञापन
यूक्रेन से तीन छात्र पहुंचे घर, परिजनों में खुशी
विज्ञापन

- घर पहुंचने पर बताए हालात, सरकार के सहयोग की सराहना की
संवाद न्यूज एजेंसी
महराजगंज। जिले के अलग- अलग क्षेत्रों के रहने वाले तीन छात्र यूक्रेन से घर पहुंचे। परिजनों से मिले तो सभी खुशी से गदगद हो उठे। छात्रों ने भारत सरकार के सहयोग की सराहना की। साथ ही यूक्रेन के हालात को बयां किया। सभी ने कहा कि वहां जीवन सुरक्षित नहीं है। किसी तरह से जान बच गई, यहीं काफी है। उन्होंने बताया कि यूक्रेन में धूएं का गुबार दिखने के साथ ही गोलियों की तड़तड़ाहट सुनाई दे रही है।
घर पहुंची बेटी तो परिजनों ने राहत की सांस ली
महराजगंज। घुघली क्षेत्र के बिरईचा गांव की रहने वाली वंदना भारती रविवार को यूक्रेन से घर पहुंची। उनको पहुंचने पर परिजनों ने खुशी जाहिर की। परिजनों ने कहा कि अब राहत मिली है। वंदना ने बताया कि यूक्रेन में हालात ठीक नहीं है। बम के धमाकों से हर कोई दहल जाता था। हॉस्टल में किसी तरह वक्त गुजारने के बाद घर आने का मौका मिला। भारत सरकार के सहयोग से घर तक पहुंचना आसान हुआ। पिता उमेश चंद्र ने बताया कि बेटी सकुशल घर पहुंच आई, अब उसकी पढ़ाई को लेकर चिंता हो रही है। अगर सरकार उसका कोई हल निकाल देती तो अच्छा रहता। वंदना को घर पहुंचने की जानकारी होने पर सदर विधायक जयमंगल कन्नौजिया, चतुर्भुजा सिंह, राधेश्याम गुप्ता, निहाल सिंह, राकेश जायसवाल, सेतभान सिंह, आदित्य अग्रहरी, मन्नू जायसवाल, राधा रमन शुक्ला आदि पहुंचे। संवाद
विज्ञापन

यूक्रेन से दिल्ली पहुंचा फरेंदा का छात्र नवीन
फरेंदा। यूक्रेन-रूस की तनावपूर्ण हालत के बीच निरालानगर के एमबीबीएस का छात्र नवीन शुक्ला रविवार की सुबह दिल्ली पहुंच गया। तबीयत खराब होने के कारण दिल्ली में रिश्तेदार के वहां रुक गया। मोबाइल फोन पर परिजनों को अपनी कुशलता की जानकारी दी।
फरेंदा के निरालानगर निवासी श्रीधर शुक्ला के पुत्र नवीन शुक्ला यूक्रेन में रहकर एमबीबीएस का पढ़ाई करते हैं। शनिवार को फ्लाइट के माध्यम से दिल्ली पहुंचे। जिसकी जानकारी परिजनों को हुई तो राहत की सांस ली। पिता श्रीधर ने बताया कि सकुशल रविवार की सुबह फ्लाइट से दिल्ली पहुंच गए। शीघ्र फरेंदा पहुंच जाएंगे।
‘बेटे के घर नहीं आने तक बना था डर’
मुजूरी। पनियरा क्षेत्र के ग्राम सभा राजौड़ा पंजूम निवासी शिवम कुमार मल्ल शनिवार को देर रात यूक्रेन से घर पहुंचे। घरवालों ने भारत सरकार को धन्यवाद दिया। शिवम एमबीबीएस की पढ़ाई करने यूक्रेन गए थे, वहां हालत खराब होने के कारण शनिवार को भारत सरकार की पहल पर अपने घर पहुंचे।
विज्ञापन

पिता दीनानाथ मल्ल ने बताया कि बेटा जब तक घर पर नहीं आया था, तब तक रातों की नींद उड़ी हुई थी। शिवम ने बताया कि यूक्रेन से हंगरी बस से आया। गुडपेस्ट एयरपोर्ट से विमान से दिल्ली पहुंचा। दिल्ली आने के बाद बस से घर पहुंचा। उन्होंने बताया कि अब भी भारत सहित कई देशों के दोस्त यूक्रेन में फंसे हुए हैं, जो बंकर में छुपकर रह रहे हैं। संवाद
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें