जिलाधिकारी ने लिया संज्ञान, गोशाला की भूमि में प्रतिमा स्थापित करने की उठी मांग पर फंसा पेंच
अपमान मामले ने पकड़ा तूल, कांग्रेस के जिलाध्यक्ष ने धरने पर बैठने की दी चेतावनी
कारगिल शहीद की प्रतिमा स्थापित करने को दो गज जमीन के लिए जद्दोजहद
कारगिल युद्ध में शहीद पूरन बहादुर थापा की प्रतिमा को पुनर्स्थापित करने का मामला
नौतनवा। कारगिल शहीद पूरन बहादुर थापा की प्रतिमा के साथ अपमानजनक व्यवहार होने का मामला सुर्खियों में आने के बाद अब प्रकरण ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है। मामले को लेकर विपक्षी पार्टियों के सक्रिय होने के बाद प्रशासन सतर्क हो गया है। जिलाधिकारी ने एसडीएम नौतनवा नवीन प्रसाद एवं अधिशासी अधिकारी संदीप कुमार सरोज को तत्काल प्रभाव से जमीन चिह्नितकर शहीद की प्रतिमा को सम्मान के साथ पुनर्स्थापित करने के निर्देश दिए हैं।
कारगिल युद्ध में शहीद पूरन बहादुर थापा की प्रतिमा को फिर से स्थापित करने को लेकर राजनीतिक संगठनों ने शहीद की प्रतिमा के साथ हुए कृत्य पर आक्रोश व्यक्त करते हुए दोषियों के विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की मांग भी तेज कर दी है। मामले में शहीद की प्रतिमा को गोशाला की भूमि में स्थापित करने की उठी मांग को पूरा करने को लेकर प्रशासनिक जिम्मेदार स्पष्ट निर्णय नहीं ले पा रहे हैं। दूसरी तरफ कांग्रेस के जिलाध्यक्ष विजय सिंह एडवोकेट ने जिलाधिकारी को पत्र देकर सड़क चौड़ीकरण से संबंधित कार्यदायी संस्था के जिम्मेदारों के खिलाफ तत्काल प्रभाव से मुकदमा दर्ज करने की मांग करते हुए सोमवार से धरने पर बैठने की चेतावनी दी है।
इसके साथ ही नौतनवा में तहसील दिवस के दौरान किसान नेता नागेंद्र प्रसाद शुक्ला एवं पूर्व ब्लाॅक प्रमुख प्रतिनिधि प्रहलाद प्रसाद समेत अन्य लोगों ने भी डीएम को पत्र देकर कारगिल शहीद की प्रतिमा को अपमानजनक तरीके से हटाने की कड़ी निंदा करते हुए आक्रोश व्यक्त किया है। साथ ही दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की मांग की है। जिलाधिकारी संतोष कुमार शर्मा का कहना है एसडीएम नवीन प्रसाद को पूरे मामले की जांच कराकर कारगिल शहीद की प्रतिमा को उचित एवं सुरक्षित स्थल पर सम्मानजनक तरीके से पुनर्स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं।